किडनी की सेहत पर असर
- फोटो : Adobe stock
किडनी पर धूम्रपान का असर
मेडिकल रिपोर्ट्स से पता चलता है कि किडनी लगातार खून को फिल्टर करती है, लेकिन धूम्रपान इस पूरी प्रक्रिया पर दबाव डाल सकता है।
- निकोटीन रक्त वाहिकाओं को संकुचित कर सकता है जिससे ब्लड प्रेशर बढ़ने लगता है।
- इतना ही नहीं निकोटीन के कारण अध्ययनों में किडनी के रक्त प्रवाह और ग्लोमेरुलर फिल्ट्रेशन रेट में अस्थायी कमी देखी गई है।
- धूम्रपान से ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस और सूजन से जुड़ी प्रक्रियाएं भी बढ़ जाती हैं, जो किडनी की संरचना और कार्य को प्रभावित कर सकती हैं।
कई अध्ययनों में धूम्रपान और क्रॉनिक किडनी डिजीज के बीच लिंक पाया गया है। अगर आपको पहले से ब्लड प्रेशर या डायबिटीज की समस्या है और सिगरेट पीते हैं तो जोखिम और भी बढ़ सकता है।
रक्त वाहिकाओं की समस्या
सिगरेट से किडनी को होने वाले नुकसान को समझने के लिए रक्त वाहिकाओं पर धूम्रपान के प्रभाव को समझना जरूरी है।
- सिगरेट का धुआं शरीर में ऐसी प्रक्रियाओं को बढ़ावा देता है जो रक्त वाहिकाओं की अंदरूनी परत को नुकसान पहुंचा सकती हैं।
- अध्ययनों से पता चलता है कि धूम्रपान रक्त को अधिक चिपचिपा बना देता है जिससे थक्के बनने का खतरा भी बढ़ा सकती है।
यह बदलाव सिर्फ किडनी तक सीमित नहीं रहते। किडनी को पर्याप्त रक्त और ऑक्सीजन चाहिए, इसलिए लंबे समय तक रक्त वाहिकाओं पर पड़ने वाला दबाव और उसकी कार्यक्षमता को प्रभावित होने से किडनी के लिए सामान्य कामकाज भी मुश्किल हो जाता है।