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Health Tips: हाई बीपी से बढ़ जाता है इन गंभीर बीमारियों का जोखिम, जानें अचानक बढ़ने पर क्या कर सकते हैं?

Sun, 09 Nov 2025 07:16 PM IST
शिखर बरनवाल हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में बहुत से लोग अपने स्वास्थ्य पर ध्यान नहीं दे पाते हैं, ऐसे में कई लोगों को दबे पांव हाई बीपी की समस्या होने लगती है। इसकी वजह से कई अन्य जानलेवा बीमारियों का जोखिम भी बढ़ जाता है, जिसके बारे में आपको भी जानना चाहिए।
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रक्तचाप नियंत्रण - फोटो : अमर उजाला
Serious Diseases Caused by High bp: आज की भागदौड़ भरी और तनावपूर्ण जीवन शैली में, हाई ब्लड प्रेशर एक ऐसी सामान्य समस्या बन चुकी है जिसे अक्सर अनदेखा कर दिया जाता है। इस स्थिति को विशेषज्ञ 'साइलेंट किलर' कहते हैं क्योंकि यह बिना किसी स्पष्ट शुरुआती लक्षण के शरीर के अंदरूनी तंत्र पर लगातार दबाव बनाता रहता है। हाइपरटेंशन तब होता है जब हमारा हृदय खून को बहुत तेजी से पंप करता है। 

लंबे समय तक बढ़ा हुआ यह अत्यधिक दबाव धमनियों की दीवारों को सख्त और संकुचित कर देता है। असल में इसके पीछे कई कारण हैं, जैसे खराब आहार, लगातार तनाव और शारीरिक निष्क्रियता, आदि। सामान्यतौर पर हमारी जीवनशैली की ही कुछ गलतियां रक्तचाप को तेजी से बढ़ाती हैं। 

यह लगातार बढ़ा हुआ दबाव भविष्य में बड़ी स्वास्थ्य समस्याओं का आधार बनता है। इसलिए आइए इस लेख में जानते हैं कि हाई बीपी की वजह से किन गंभीर बीमारियों का जोखिम बढ़ जाता है। साथ ही ये भी जानेंगे कि अगर अचानक बीपी बढ़ जाए तो तुरंत क्या करना चाहिए।
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हाई ब्लड प्रेशर - फोटो : Freepik.com
हृदय संबंधी गंभीर जोखिम
हाई बीपी का सीधा असर आपके हृदय पर पड़ता है। लगातार अधिक दबाव के कारण हृदय की मांसपेशियों को खून पंप करने के लिए अधिक मेहनत करनी पड़ती है, जिससे हृदय की मांसपेशियां मोटी और कमजोर हो जाती हैं। इससे हार्ट फेलियर का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा धमनियों के सख्त होने से एथेरोस्क्लेरोसिस (धमनियों में फैट जमा होना) तेज होता है, जो हार्ट अटैक का प्रमुख कारण है।

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ब्रेन स्ट्रोक - फोटो : Freepik.com
मस्तिष्क और किडनी पर घातक असर
हाई बीपी मस्तिष्क की नाजुक रक्त वाहिकाओं को नुकसान पहुंचाकर स्ट्रोक (मस्तिष्काघात) का सबसे बड़ा जोखिम पैदा करता है। वहीं किडनी पर दबाव पड़ने से उसकी फिल्टरिंग क्षमता कम हो जाती है, जिससे किडनी फेलियर का खतरा और बढ़ जाता है। यह दोनों ही स्थितियां जीवन की गुणवत्ता को गंभीर रूप से प्रभावित करती हैं।

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ब्लड प्रेशर की समस्या - फोटो : Freepik.com
बीपी अचानक बढ़ने पर क्या करें?
अगर आपका रक्तचाप अचानक बहुत अधिक बढ़ जाए, तो तुरंत शांत जगह पर बैठ जाएं। गहरी सांसें लें और तनाव कम करने की कोशिश करें। अपनी नियमित दवा लें। अगर 20 मिनट बाद भी बीपी नीचे नहीं आता है, या आपको सीने में दर्द, सांस लेने में दिक्कत या तेज सिरदर्द महसूस हो, तो तुरंत इमरजेंसी सेवा को कॉल करें या किसी नजदीकी डॉक्टर से संपर्क करें।
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ब्लड प्रेशर - फोटो : Freepik.com
बीपी को नियंत्रित रखने के उपाय
हाई बीपी को नियंत्रित रखने के लिए नमक का सेवन सीमित करें, प्रतिदिन 1500 मिलीग्राम से कम नमक खाएं। डाइट में पोटैशियम (केला, पालक), मैग्नीशियम और फाइबर बढ़ाएं। रोजाना 30 मिनट वॉक करें, वजन नियंत्रित रखें, और धूम्रपान व शराब से दूर रहें। नियमित रूप से बीपी की जांच कराते रहें और डॉक्टर की सलाह को अनदेखा न करें।

नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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