फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

GLP-1 Medicine: आप भी ले रहे हैं डायबिटीज-वजन घटाने वाली ये दवा तो हो जाइए सावधान, देखे गए गंभीर दुष्प्रभाव

Sat, 05 Jul 2025 07:55 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

वजन बढ़ने के साथ डायबिटीज का भी खतरा बढ़ जाता है, ऐसे में बीते दिनों GLP-1 मुंजारो (Mounjaro) दवा को लेकर काफी चर्चा रही थी। हालिया रिपोर्ट्स में इस दवा के कारण गंभीर स्वास्थ्य जोखिमों की बात सामने आ रही है। 
विज्ञापन
1 of 3
वेट लॉस की दवा के साइड इफेक्ट्स - फोटो : Freepik.com
वजन घटाना मौजूदा समय की सबसे बड़ी स्वास्थ्य चुनौतियों में से एक है, दुनियाभर में बड़ी संख्या में लोग मोटापा या अधिक वजन से परेशान हैं। डॉक्टर इसे कई प्रकार की गंभीर बीमारियों का घर बताते हैं, अधिक वजन वाले लोगों में डायबिटीज, हृदय रोगों से लेकर कैंसर जैसी समस्याओं का जोखिम रहता है। लिहाजा कम उम्र से ही सभी लोगों को वजन कम रखने वाले उपाय करते रहने की सलाह दी जाती है। 

चूंकि वजन बढ़ने के साथ डायबिटीज का भी खतरा बढ़ जाता है, ऐसे में बीते दिनों GLP-1 मुंजारो (Mounjaro) दवा को लेकर काफी चर्चा रही। दावा किया जा रहा था कि डायबिटीज की ये दवा वजन घटाने में भी मददगार हो सकती है। ऐसे में इसकी मांग भी तेजी से बढ़ी, पर हालिया रिपोर्ट्स में इस दवा के कारण गंभीर स्वास्थ्य जोखिमों की बात सामने आ रही है। 

वजन घटाने और मधुमेह के लिए इस्तेमाल होने वाले इस इंजेक्शन का इस्तेमाल करने वाले सैकड़ों लोगों ने अग्न्याशय से जुड़ी गंभीर समस्याओं की शिकायत की है। इसके बाद विशेषज्ञों ने फिर से इसे दुष्प्रभावों का अध्ययन शुरू कर दिया है। 
विज्ञापन

2 of 3
पैंक्रियाटाइटिस के मामले - फोटो : Freepik.com
GLP-1 दवाओं के कारण देखे गए पैंक्रियाटाइटिस के मामले

GLP-1 दवाओं (ग्लूकागन-लाइक पेप्टाइड-1 रिसेप्टर एगोनिस्ट) से जुड़े कई मामलों में लोगों को पैंक्रियाटाइटिस की शिकायत देखी गई है। इसके कारण लोगों को अग्न्याशय की अचानक सूजन की दिक्कत देखी गई। खबरों के मुताबिक अब तक पैंक्रियाटाइटिस के लगभग 400 मामले सामने आए हैं। 

हेल्थकेयर प्रोडक्ट्स रेगुलेटरी अथॉरिटी एजेंसी (एमएचआरए) के प्रवक्ता ने कहा, बढ़ते उपयोग के साथ-साथ, हम जीएलपी-1 दवाओं के कारण पैंक्रियाटाइटिस के बढ़ते मामले देख रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

3 of 3
दवा के दुष्प्रभावों को लेकर अध्ययन - फोटो : Freepik.com
दुष्प्रभावों को समझने के लिए अध्ययन

मरीजों में इस गंभीर बीमारी के बढ़ते मामलों को देखते हुए एमएचआरए के विशेषज्ञों ने कहा कि हम यह समझना चाहता है कि क्या इसमें कोई आनुवंशिक कारक भी शामिल हैं? 

अध्ययनों से पता चला है कि दवा के प्रतिकूल प्रभाव के कारण अस्पताल में भर्ती होने वाले छह में से एक व्यक्ति की मृत्यु हो जाती है। हम रोगियों की सुरक्षा पर गंभीरता से ध्यान दे रहे हैं। तब तक इस दवा के इस्तेमाल को लेकर सभी लोगों को सावधानी बरतते रहने की आवश्यकता है। 


--------------
स्रोत
GLP-1 medicines


अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें