Home Remedies for Food Poisoning: गर्मी के मौसम में फूड प्वाइजनिंग होना काफी साधारण बात है। पर, ऐसे समय में क्या करना चाहिए, ये हर कोई नहीं जानता। आइए हम आपको इसकी जानकारी देते हैं।
Home Remedies for Food Poisoning: गर्मी के मौसम में जब लोग बाहर का खाना, कटे हुए फल या लंबे समय तक रखा हुआ भोजन खा लेते हैं, जिससे पेट से जुड़ी समस्याएं शुरू हो जाती हैं। इन समस्याओं में सबसे बड़ी दिक्कत है फूड प्वाइजिंग की।
दरअसल, गर्मी का मौसम आते ही फूड प्वाइजनिंग के मामले तेजी से बढ़ने लगते हैं। ऐसा इसलिए क्योंकि उच्च तापमान के कारण खाने-पीने की चीज़ें जल्दी खराब हो जाती हैं और उनमें बैक्टीरिया तेजी से पनपने लगते हैं। फूड प्वाइजनिंग होने पर उल्टी, दस्त, पेट दर्द, बुखार और कमजोरी जैसे लक्षण सामने आते हैं।
वैसे तो ये समस्या हल्की होती है, लेकिन कुछ मामलों में यह गंभीर भी हो सकती है। इसलिए जरूरी है कि समय रहते इसके लक्षणों को पहचानकर सही कदम उठाए जाएं। अगर सही तरीके से देखभाल की जाए, तो फूड प्वाइजनिंग से जल्दी राहत मिल सकती है और बड़ी परेशानी से बचा जा सकता है।
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फूड प्वाइजिंग होने पर क्या करें?
- फोटो : अमर उजाला
लक्षण दिखने पर क्या करें?
गर्मी में फूड प्वाइजनिंग होने पर सबसे पहला कदम है शरीर को हाइड्रेट रखना। उल्टी और दस्त के कारण शरीर से पानी और जरूरी मिनरल्स तेजी से निकल जाते हैं, जिससे डिहाइड्रेशन हो सकता है। ऐसे में बार-बार पानी पीना चाहिए और ओरल रिहाइड्रेशन सॉल्यूशन (ORS), नारियल पानी या नमक-चीनी का घोल लेना फायदेमंद होता है।
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फूड प्वाइजिंग होने पर क्या करें?
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खान-पान का ध्यान रखें
इस दौरान खानपान का विशेष ध्यान रखना जरूरी है। भारी, तला-भुना और मसालेदार खाना खाने से बचें। हल्का और आसानी से पचने वाला भोजन जैसे खिचड़ी, दलिया, उबला आलू या दही-चावल खाना बेहतर होता है। इससे पाचन तंत्र को आराम मिलता है।
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आराम करें
आराम करना भी उतना ही जरूरी है। शरीर पहले से कमजोर होता है, इसलिए ज्यादा शारीरिक गतिविधि करने से स्थिति बिगड़ सकती है। पर्याप्त नींद और आराम लेने से शरीर जल्दी रिकवर करता है।
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डॉक्टर से कब मिलें?
अगर लक्षण ज्यादा गंभीर हो जाएं, जैसे लगातार उल्टी, तेज बुखार, खून वाली दस्त या अत्यधिक कमजोरी, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। छोटे बच्चों, बुजुर्गों और गर्भवती महिलाओं के मामले में विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।
भविष्य में फूड प्वाइजनिंग से बचने के लिए साफ-सफाई का ध्यान रखें। खाना हमेशा ताजा खाएं, बाहर का अस्वच्छ भोजन अवॉइड करें और खाने से पहले हाथ अच्छी तरह धोएं।
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।