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Health Tips: 'फर्मेंटेड फूड्स' क्यों हैं सुपरफूड? जानें दही, इडली और अचार के हैरान कर देने वाले स्वास्थ्य लाभ

Tue, 24 Jun 2025 12:59 PM IST
शिखर बरनवाल हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Benefits of Fermented Foods:  भारत में सदियों से फर्मेंटेड फूड्स रसोई का हिस्सा रहा है। दही और अचार इसका ठोस उदाहरण है। फर्मेंटेड फूड्स को डाइट में शामिल करने के कई फायदे होते हैं, जिसके बारे में आपको भी जानना चाहिए। आइए इस लेख में इसी के बारे में विस्तार से जानते हैं।
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किण्वित फूड - फोटो : Adobe Stock
Fermented Foods Health Benefits: बहुत कम लोगों को मालूम है कि दही, इडली, डोसा, अचार जैसे हमारे रोजमर्रा के खाने वाले समान किण्वन प्रक्रिया से बनाए जाते हैं। कई रेसीपी बनाने में किण्वन प्रक्रिया यानी फर्मेंटेशन प्रोसेस की मदद ली जाती है। दरअसल, फर्मेंटेशन एक प्राकृतिक प्रक्रिया है, जिसमें भोजन में मौजूद शुगर को कुछ खास बैक्टीरिया या खमीर (यीस्ट) तोड़ते हैं।

इस प्रक्रिया के दौरान, न केवल भोजन का स्वाद और सुगंध बदलाव होता है, बल्कि कई तरह के नए पोषक तत्व और माइक्रोऑर्गेनिज्म (सूक्ष्मजीव) भी पैदा होते हैं। कई बार ये माइक्रोऑर्गेनिज्म बेहद फायदेमंद होते हैं, जिन्हें प्रोबायोटिक्स भी कहा जाता है। यह प्रक्रिया खाद्य पदार्थों को लंबे समय तक सुरक्षित रखती है और उनके पोषक तत्वों को बढ़ाती है।

ये हमारे पाचन तंत्र और समग्र स्वास्थ्य के लिए बेहद लाभकारी होते हैं। इसी वजह से फर्मेंटेड फूड्स को बहुत से लोग सुपरफूड्स भी कहते हैं। आइए, इस लेख में विस्तार से जानते हैं कि फर्मेंटेड फूड्स क्यों इतने खास हैं और ये हमारे संपूर्ण स्वास्थ्य के लिए कितने फायदेमंद हैं।
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किण्वित फूड - फोटो : Adobe Stock
पाचन तंत्र को मजबूत बनाते हैं
फर्मेंटेड फूड्स में प्रोबायोटिक्स (अच्छे बैक्टीरिया) प्रचुर मात्रा में होते हैं, जो आंत के माइक्रोबायोम को संतुलित करते हैं। दही में मौजूद लैक्टोबैसिलस जैसे बैक्टीरिया पाचन में सुधार करते हैं और कब्ज, अपच, और ब्लोटिंग जैसी समस्याओं को कम करते हैं। इडली और अचार में भी ऐसे बैक्टीरिया होते हैं, जो पेट की सूजन को कम करते हैं।

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इम्युनिटी - फोटो : Adobe stock photos
रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाते हैं
आंत का स्वास्थ्य और इम्यून सिस्टम आपस में जुड़े हैं। फर्मेंटेड फूड्स आंत में अच्छे बैक्टीरिया की संख्या बढ़ाकर रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करते हैं। अध्ययनों के अनुसार, नियमित रूप से दही खाने से सर्दी-जुकाम और अन्य संक्रमणों का खतरा कम होता है। 

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मानसिक स्वास्थ्य में सुधार - फोटो : Freepik
मानसिक स्वास्थ्य में सुधार
आंत और मस्तिष्क के बीच गहरा संबंध है। फर्मेंटेड फूड्स में मौजूद प्रोबायोटिक्स तनाव, चिंता, और डिप्रेशन को कम करने में मदद करते हैं। इडली और डोसा जैसे किण्वित खाद्य पदार्थ मस्तिष्क में सेरोटोनिन (खुशी का हार्मोन) के लेवल को बढ़ाने में मदद कर सकते हैं।
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किण्वित फूड - फोटो : Adobe Stock
विटामिन और पोषक तत्वों का अवशोषण
फर्मेंटेशन प्रक्रिया खाद्य पदार्थों में विटामिन बी, विटामिन के, और आयरन जैसे पोषक तत्वों को बढ़ाती है। उदाहरण के लिए, दही में कैल्शियम और प्रोटीन की मात्रा अधिक होती है, जो हड्डियों और मांसपेशियों को मजबूत बनाता है। अचार में एंटीऑक्सिडेंट्स होते हैं, जो शरीर को फ्री रेडिकल्स से होने वाले नुकसान से बचाते हैं।
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घर पर बनाएं अचार - फोटो : Adobe
भारत में फर्मेंटेड फूड्स की परंपरा
भारत में दही और अचार सदियों से भोजन का हिस्सा रहे हैं। दक्षिण भारत में इडली और डोसा के लिए फर्मेंटेड बैटर का उपयोग होता है, जो पाचन के लिए फायदेमंद है। पंजाबी कांजी और गुजराती अचार भी प्रोबायोटिक्स का खजाना होता है।

सावधानियां
हालांकि फर्मेंटेड फूड्स के फायदे अनेक हैं, लेकिन इन्हें संतुलित मात्रा में खाना जरूरी है। अधिक मात्रा में सेवन से पेट में गैस या ब्लोटिंग हो सकती है। उच्च सोडियम वाले अचार हाई ब्लड प्रेशर के मरीजों के लिए नुकसानदायक हो सकते हैं। घर पर बने फर्मेंटेड फूड्स को प्राथमिकता दें, क्योंकि बाजार में मिलने वाले उत्पादों में चीनी या प्रिजर्वेटिव्स हो सकते हैं।

नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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