फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Health Tips: अधिक मानसिक तनाव होने से आपके स्वास्थ्य में होता है ये बदलाव, जरूर जानें ये बातें

Sat, 06 Sep 2025 06:49 PM IST
शिखर बरनवाल हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

आज के समय में बहुत से लोग मानसिक तनाव की वजह से परेशान रहते हैं। बहुत कम लोगों को मालूम है कि इसका प्रभाव उनके संपूर्ण स्वास्थ्य पर पड़ता है। आइए इस लेख में इसी के बारे में विस्तार से जानते हैं।
विज्ञापन
1 of 5
थकान - फोटो : Freepik
Effects of Stress on Health: आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में, मानसिक तनाव एक ऐसी समस्या बन गई है जो हमारे शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को 'साइलेंटली' प्रभावित कर रही है। काम का दबाव, पारिवारिक जिम्मेदारियां और सामाजिक अपेक्षाएं हमें लगातार तनाव में रखती हैं। यह तनाव सिर्फ दिमागी परेशानी तक सीमित नहीं रहता, बल्कि इसका सीधा असर हमारे शरीर पर भी पड़ता है। 

जब हम तनाव में होते हैं, तो शरीर में कोर्टिसोल और एड्रेनालाईन जैसे स्ट्रेस हार्मोन रिलीज होते हैं। ये हार्मोन शरीर को 'लड़ो या भागो' (फाइट ऑर फ्लाइट) मोड में डाल देते हैं। अगर यह स्थिति लंबे समय तक बनी रहे, तो इसका संपूर्ण स्वास्थ्य पर बुरा असर देखने को मिलता है। ज्यादातर लोग इन शारीरिक बदलावों को अनदेखा कर देते हैं, जिससे समस्या और भी गंभीर हो सकती है। आइए इस लेख में जानते हैं कि अधिक मानसिक तनाव आपके स्वास्थ्य को कैसे प्रभावित करता है।
विज्ञापन

2 of 5
थकान - फोटो : Freepik
हृदय स्वास्थ्य पर बुरा असर
लगातार तनाव आपके हृदय पर बहुत बुरा असर डालता है। तनाव के हार्मोन रक्तचाप और हृदय गति को बढ़ाते हैं। लंबे समय तक हाई ब्लड प्रेशर रहने से दिल की धमनियों को नुकसान पहुंच सकता है, जिससे हार्ट अटैक और स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है। तनाव से शरीर में सूजन भी बढ़ती है, जो हृदय रोगों का एक बड़ा कारण है।

ये भी पढ़ें- Infertility: महिलाओं में क्यों बढ़ती जा रही है इनफर्टिलिटी की समस्या? डॉक्टर ने दिए चार सुझाव
विज्ञापन

3 of 5
थकान - फोटो : Freepik
पाचन तंत्र को प्रभावित करे
तनाव का सीधा संबंध हमारे पाचन तंत्र से भी है। जब हम तनाव में होते हैं, तो दिमाग पाचन क्रिया को धीमा कर देता है, जिससे अपच, गैस और एसिडिटी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। कुछ लोगों को तनाव के कारण पेट में दर्द या इरिटेबल बाउल सिंड्रोम जैसी समस्या भी हो सकती है।

ये भी पढ़ें- Health Alert: टॉयलेट में फोन चलाने की आदत 45% तक बढ़ा सकती है हेमोरॉयड्स रोग का खतरा, जानिए क्या है ये बीमारी

4 of 5
नींद नहीं आना - फोटो : Adobe Stock
नींद पर असर
मानसिक तनाव और नींद का गहरा संबंध है। ज्यादा तनाव के कारण दिमाग शांत नहीं रह पाता, जिससे अनिद्रा की समस्या हो सकती है। नींद की कमी से थकान, चिड़चिड़ापन और एकाग्रता की कमी होती है। यह एक दुष्चक्र बन जाता है, जहां तनाव नींद खराब करता है और खराब नींद तनाव को बढ़ाती है।

 
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
थकान - फोटो : Freepik
शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर प्रभाव
तनाव सिर्फ इन अंगों को ही नहीं, बल्कि पूरे शरीर को प्रभावित करता है। यह हमारी इम्यूनिटी को कम करता है, जिससे हम जल्दी बीमार पड़ते हैं। इसके अलावा, तनाव से बालों का झड़ना, वजन बढ़ना या कम होना और त्वचा संबंधी समस्याएं भी हो सकती हैं। इसलिए, तनाव को मैनेज करना और इसे कम करने के लिए सही कदम उठाना बहुत जरूरी है।

नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें