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कोरोना अलर्ट: कम नहीं हुआ है कोरोना वायरस का संक्रमण, मास्क पहनना बिल्कुल न छोड़ें

Sat, 20 Feb 2021 01:37 PM IST
प्रकाश चंद जोशी हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay
कोरोना वायरस महामारी ने साल 2020 की शुरुआत के साथ ही पूरे विश्व को परेशान करके रखा है। विश्व के ज्यादातर देशों ने अपने-अपने वहां लॉकडाउन लगाया, ताकि इस वायरस को फैलने से रोका जा सके। लेकिन फिर भी इस वायरस ने काफी हद तक लोगों को अपना शिकार बनाया। खुद भारत में कोरोना मरीजों के आंकडे़ ने एक करोड़ की संख्या को पार किया। वहीं, जो लोग ये समझ रहे हैं कि अब लॉकडाउन हट गया है, तो कोरोना वायरस भी चले गया है, तो उन लोगों को ये बता दें कि भले ही आप कोरोना वायरस को भूल गए हों। लेकिन ये वायरस अब भी हमें नहीं भूला है।
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock
कोरोना हमें नहीं भूला
  • भारत में जनवरी महीने के बाद कोरोना के केसों में थोड़ी कमी देखी गई थी, लेकिन ये बेहद कम समय के लिए था और अब एक बार फिर से मरीजों की संख्या में इजाफा देखा जा रहा है। पिछले 24 घंटे की बात करें तो भारत में 13 हजार से ज्यादा नए कोरोना मरीज सामने आए हैं, और 97 लोगों की मौत हुई। साथ ही ये भी देखा जा रहा है कि लोग न तो शारीरिक दूरी अपना रहे हैं और मास्क को पहनने के तो लोगों के अपने ही तरीके हैं। कोई नाक के नीचे मास्क पहन रहा है, तो कोई मास्क को गले में लटकाकर घूम रहा है। लेकिन लोग भूल गए हैं कि मास्क ही वो हथियार है, जो हमें इस वायरस का शिकार होने से बचा सकता है।


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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock
पुलिस से बचने के लिए नहीं, खुद के बचाव के लिए पहनें मास्क
  • विश्व स्वास्थय संगठन समेत तमाम विशेषज्ञ व डॉक्टर्स इस बात पर जोर देते आए हैं कि, मास्क पहनने से 90 प्रतिशत तक कोरोना वायरस से बचा जा सकता है। लेकिन लोगों ने मास्क को हेलमेट की तरह समझ लिया। मतलब ये कि जब उन्हें पुलिस वाले दिखते हैं, तो उसे वो लगा लेते हैं और जब कोई नहीं होता, तो उसे वो नहीं पहनते हैं। जबकि यहां ये ध्यान देने वाली बात है कि जब भी आप दफ्तर जा रहे हैं, कॉलेज-स्कूल जा रहे हैं, बाजार जा रहे हैं या किसी भी तरह के लोगों के बीच जा रहे हैं, तो आपको मास्क जरूर पहनना चाहिए।

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surgical mask - फोटो : pixabay
एक मास्क का ज्यादा इस्तेमाल है खतरनाक
  • पिछले दिनों वैज्ञानिकों ने मास्क को लेकर एक शोध किया, जिसमें सामने आया कि एक मास्क का इस्तेमाल ज्यादा करने से खतरा बड़ सकता है। शोधकर्ताओं ने पाया कि सर्जिकल मास्क का फैब्रिक यानी कपड़ा ऐसा होता है कि व कुछ समय बाद खराब हो जाता है। इसलिए इस मास्क का इस्तेमाल ज्यादा बार नहीं करना चाहिए। इसकी जगह पर आपको नया मास्क खरीदना चाहिए। वैज्ञानिकों ने ये भी पाया कि नया मास्क सबसे ज्यादा सुरक्षा प्रदान करता है और हमें कोरोना वायरस से बचाने में काफी मदद करता है।
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay
मास्क है सबसे जरूरी हथियार
  • जब कोरोना वायरस की शुरुआत हुई थी, तब से लेकर अब तक मास्क ही एक ऐसा हथियार है जिसे हमें हमेशा पहनना चाहिए। दिल्ली के एम्स अस्पताल के निदेशक रणदीप गुलेरिया ने भी इस बात पर जोर दिया था कि अगर हमें कोरोना वायरस जैसी महामारी से अपना बचाव करना है, तो हमें मास्क का इस्तेमाल करना चाहिए। लेकिन अगर आप मास्क नहीं पहन रहे हैं, तो आप अपने स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। इसलिए अभी भी हम सभी को मास्क पहनने की बेहद जरूरत है।
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