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Covid-19: हर दिन के साथ रिकॉर्ड तोड़ रहा संक्रमण, सभी के लिए खतरा बरकरार, जानिए आप कितने सुरक्षित?

Mon, 03 Apr 2023 07:00 AM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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देश में कोरोना के बढ़ते मामले - फोटो : istock
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कोरोना संक्रमण के रोजाना बढ़ते मामले अब चिंता बढ़ा रहे हैं। पिछले दो हफ्तों में काफी तेजी से संक्रमण के केस बढ़ते हुए रिपोर्ट किए गए हैं। शनिवार को छह महीने में पहली बार संक्रमण के आंकड़े 3800 के ऊपर देखे गए, यह ट्रेंड रविवार को भी जारी रहा। देश में बढ़ रहे कोरोना के ज्यादातर केस के लिए ओमिक्रॉन के XBB.1.16 सब-वैरिएंट को प्रमुख कारण माना जा रहा है जिसे अध्ययनकर्ताओं ने काफी अधिक संक्रामकता दर वाला पाया है।

ओमिक्रॉन के अन्य वैरिंट्स की तुलना में इसमें एक अतिरिक्त म्यूटेशन है जो इसकी संक्रामकता और प्रतिरक्षा को चकमा देने की क्षमता को काफी बढ़ा देता है।

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, डेल्टा वैरिएंट्स से तुलनात्मक रूप से देखा जाए तो ओमिक्रॉन वैरिएंट्स इसलिए भी चिंताकारक हैं क्योंकि इससे उन लोगों में भी खतरा बना हुआ है जिनका टीकाकरण हो चुका है। इसलिए फिलहाल इस वैरिएंट से किसी को भी सुरक्षित नहीं माना जा सकता है। सभी लोगों को लगातार बचाव के उपाय करते रहने की जरूरत है। 
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नए वैरिएंट्स से संक्रमण का खतरा - फोटो : Pixabay
प्रतिरक्षा प्रणाली को चकमा दे रहा है वायरस

अध्ययनकर्ताओं ने पाया कि कोरोना के ओमिक्रॉन वैरिएंट्स के कारण बूस्टर डोज ले चुके लोगों को भी संक्रमित पाया गया है। हालांकि वैक्सीनेशन की अतिरिक्त सुरक्षा के कारण ऐसे लोगों में गंभीर रोग विकसित होता नहीं देखा गया है। बूस्टर शॉट ले चुके लोगों को अगर संक्रमण हो भी जाता है तो या तो उनमें एसिम्टोमेटिक या फिर हल्के लक्षण ही देखे जा रहे हैं। ज्यादातर लोग आसानी से घर पर रहकर ठीक भी हो जा रहे हैं।
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कोरोना के मामलों में उछाल और बढ़ता जोखिम - फोटो : Pixabay
क्या आप सुरक्षित हैं?

डॉक्टर्स कहते हैं, भारत में संक्रमण के मामले जरूर बढ़ रहे हैं, पर ज्यादातर लोगों में इसके कारण हल्के लक्षणों का ही निदान किया जा रहा है। देश में वैक्सीनेशन की दर अच्छी रही है और अधिकतर लोग बूस्टर डोज भी ले चुके हैं। ऐसे में फिलहाल गंभीर रोगों के खतरा सिर्फ उन्हीं लोगों को है जिनका या तो वैक्सीनेशन नहीं हुआ है या फिर कोमोरबिडिटी और कमजोर इम्युनिटी के शिकार हैं।

यदि आप बूस्टर डोज ले चुके हैं और पहले से कोई बीमारी नहीं रही है तो कोरोना का खतरा कम हो सकता है।

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कोरोना से बचाव आवश्यक - फोटो : iStock
आपका बचाव करते रहने परिवार को भी रखेगा सुरक्षित

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, भले ही कोरोना के कारण गंभीर रोगों का खतरा कम है पर इससे भी इंकार नहीं किया जा सकता है कि संक्रमण के मामले तेज गति से बढ़ रहे हैं। भले ही आपका वैक्सीनेशन-बूस्टर टीकाकरण हो गया है फिर भी संक्रमण से बचाव के लिए कोविड एप्रोप्रिएट बिहेवियर का पालन करते रहें। ऐसा करके आप परिवार में बुजुर्ग और कोमोरिबिड लोगों को सुरक्षित रखने में मदद कर  सकते हैं। सभी लोगों को निरंतर और गंभीरता से मास्क पहनने, सोशल डिस्टेंसिंग और हाथों की स्वच्छता का ख्याल रखने की आवश्यकता है।
 
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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