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Corona Vaccine Updates: रेस में आगे चल रही वो पांच वैक्सीन, जिसका इंतजार पूरी दुनिया को है

Sat, 27 Jun 2020 04:14 PM IST
निलेश कुमार लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला
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Corona Vaccine Update - फोटो : अमर उजाला
कोरोना वायरस से बढ़ते संक्रमण के बीच दुनियाभर के वैज्ञानिक वैक्सीन बनाने में लगे हैं। किसी भी बीमारी से लड़ने के लिए वैक्सीन बनाना एक लंबी प्रक्रिया होती है और इसमें सालों लग जाते हैं, लेकिन कोरोना महामारी के इस दौर में जरूरत ही ऐसी है कि वैक्सीन के लिए वैज्ञानिक दिन रात मेहनत कर रहे हैं। बीबीसी की एक रिपोर्ट के मुताबिक दुनियाभर में कोरोना के लिए 120 से ज्यादा तरह के वैक्सीन को लेकर शोध हो रहे हैं, जिनमें से 13 वैक्सीन क्लिनिकल ट्रायल के फेज में है। इन 13 में से पांच वैक्सीन कोरोना के खिलाफ जंग में बड़ी उम्मीद जगा रही है और ऐसा लग रहा है कि बहुत कम समय में ये वैक्सीन लोगों के लिए उपलब्ध होगी। चूंकि क्लिनिकल ट्रायल एक लंबी प्रक्रिया है, इसलिए वैक्सीन में थोड़ी देर हो रही है। आइए जानते हैं, उन पांच वैक्सीन के बारे में:
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Corona Vaccine Update - फोटो : PTI
ब्रिटेन: ChAdOx1-S वैक्सीन
  • ब्रिटेन में ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी और दवा कंपनी एस्ट्राजेनेका मिलकर यह वैक्सीन बना रहे हैं। साउथ अफ्रीका और ब्राजील में इसी महीने इंसानों पर इस वैक्सीन का शुरू हो चुका है। क्लिनिकल ट्रायल की स्टेज में यह सबसे आगे तीसरे फेज में है। 2000 लोगों पर वैक्सीन का ट्रायल किया गया है, जिसके नतीजे जुलाई के अंत तक आ सकते हैं। दावा तो यह भी किया जा रहा है कि सितंबर तक यह वैक्सीन उपलब्ध हो जाएगी। 
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कोरोना वैक्सीन (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : PTI
अमेरिका: LNPencapsulated mRNA वैक्सीन
  • अमेरिकी दवा कंपनी मॉडर्ना की इस वैक्सीन पर दुनिया की नजर है। इस वैक्सीन के तीसरे फेज का ट्रायल बाकी है, जिसमें 30 हजार लोग शामिल होंगे। कंपनी को भी अपनी इस वैक्सीन पर इतना भरोसा है कि उसने दवा को शीशियों में भरने और पैकिंग करनेवाली एक कंपनी से बात भी शुरू कर दी है। खबरों के मुताबिक, कंपनी उत्पादन के पहले चरण में 100 मिलियन खुराक तैयार करने की योजना बना रही है। इस साल के अंत तक यह वैक्सीन अमेरिकी बाजार में उपलब्ध हो सकती है। 

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Corona Vaccine Update - फोटो : Pixabay/Amar Ujala
कनाडा और चीन: Adenovirus Type 5 Vector
  • पेइचिंग इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी और बायोटेक फर्म कनसीनो ने मिलकर इस वैक्सीन को तैयार किया है। फिलहाल यह ह्यूमन ट्रायल के दूसरे फेज में है। चीन और कनाडा में फिलहाल इसका ट्रायल चल रहा है। अच्छी बात यह है कि जिन 125 लोगों को इस वैक्सीन की डोज दी गई, उनमें कोरोना से लड़ने की एंटीबॉडी विकसित हो गई है। फिलहाल इंसानों पर इसका ट्रायल चल रहा है, जिसके नतीजे एक महीने के अंदर आने की संभावना है। 
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Corona Vaccine Update - फोटो : Amar Ujala
चीन: सिनोफॉर्म और सिनोवैक
  • कोरोना वायरस की शुरुआत चीन के वुहान से हुई थी। वहीं की यूनिवर्सिटी सबसे पहले कोरोना की वैक्सीन बना लेने का दावा कर रही है। वहां सिनोफॉर्म और सिनोवैक नाम की कंपनी दवा बना रही हैं, उन्होंने 400 मरीजों पर इस वैक्सीन का ट्रायल किया है, जिसके नतीजे अगले महीने तक आएंगे। 
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Coronavirus Vaccine in Britain - फोटो : Pixabay/Insta/Amar Ujala
ब्रिटेन की एक और वैक्सीन ह्यूमन ट्रायल में
  • ब्रिटेन में लंदन के इंपीरियल कॉलेज में 300 लोगों पर इस वैक्सीन के ट्रॉयल का नेतृत्व कर रहे प्रोफेसर रॉबिन शटोक का कहना है कि इस वैक्सीन का जानवरों पर किया ट्रॉयल सफल रहा है। प्रो. शेटॉक का कहना है कि इंसानी शरीर पर वैक्सीन के ट्रायल में इस चरण में यदि कामयाबी मिली तो हम अगले चरण में करीब 6,000 लोगों पर इसका ट्रायल करेंगे। उन्होंने कहा कि योजना के मुताबिक सब सही रहा तो भी यह वैक्सीन इस साल के अंत तक उपलब्ध नहीं हो सकेगी।
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Corona Vaccine Update - फोटो : Social Media
वैक्सीन की रेस में अन्य देशों से भी उम्मीद
  • बीबीसी की एक रिपोर्ट के मुताबिक, दुनिया भर में फिलहाल 120 जगहों पर कोरोना की वैक्सीन बनाने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। इनमें 13 जगहों पर मामला क्लीनिकल ट्रॉयल में पहुंचा है। इन 13 जगहों में पांच चीन, तीन अमरीका और दो ब्रिटेन में हैं, जबकि ऑस्ट्रेलिया, रूस और जर्मनी में एक-एक जगहों पर ट्रॉयल चल रहा है। भारत में भी वैक्सीन को लेकर ठीक प्रगति सामने आ रही है। 
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Corona Vaccine Update - फोटो : Social Media
  • भारत में प्रधानमंत्री के मुख्य वैज्ञानिक सलाहकार डॉ. के. विजयराघवन ने कहा कि भारत में थोक में वैक्सीन मैनुफैक्चरिंग की क्षमता बेहद ज्यादा है। उन्होंने दावा किया कि वैक्सीन कोई भी बनाए, भारत की भूमिका को नकारा नहीं जा सकेगा। मालूम हो कि ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी की रिसर्च पर भी भारतीय कंपनी सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया वैक्सीन का उत्पादन करेगी। 
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