चीन के वुहान शहर से शुरू हुए कोरोना वायरस की चपेट में भारत समेत दुनियाभर के लाखों लोग हैं। इसके वैक्सीन से लेकर इसका इलाज ढूंढे जाने को लेकर दुनियाभर के कई देशों में रिसर्च हो रहे हैं। अमेरिका में जहां इसके वैक्सीन का मानव शरीर पर परीक्षण हो चुका है, वहीं भारत में दवा कंपनी सिप्ला ने छह महीने में इसकी दवा बनाने का दावा किया है। कोरोना वायरस के स्ट्रेन को अलग करने में भी भारत और चीन समेत अन्य देशों ने सफलता पाई है। लेकिन दुनियाभर के वैज्ञानिकों और चिकित्सकों के लिए चुनौती यही है कि कोरोना वायरस जिस तेज रफ्तार से फैल रहा है, उससे ज्यादा रफ्तार से रिसर्च करनी होगी, ताकि इस वायरस का तोड़ पता चल सके। इस दिशा में वैज्ञानिक काम भी कर रहे हैं।