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सेहत की बात: कोल्ड ड्रिंक और मिठाइयों के शौकीन हैं? आंखों पर पड़ सकता है इसका बुरा असर, हो जाएं सावधान

Thu, 05 Nov 2026 10:15 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

जरूरत से ज्यादा चीनी खाना सिर्फ मोटापा और डायबिटीज ही नहीं, आंखों की सेहत के लिए भी नुकसानदायक हो सकता है। लंबे समय तक हाई ब्लड शुगर रहने से डायबिटिक रेटिनोपैथी, मोतियाबिंद और नजर धुंधली होने का खतरा बढ़ता है। 
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आंखों की समस्याएं - फोटो : Amarujala.com/AI
आंखें हमारे शरीर के सबसे महत्वपूर्ण अंगों में से एक हैं। इनके जरिए ही हम दुनिया के खूबसूरत नजारे ले पाते हैं, हालांकि लाइफस्टाइल और खानपान की गड़बड़ी के साथ डिजिटल स्क्रीन के बढ़ते इस्तेमाल के कारण आंखों की सेहत पर बुरा असर पड़ रहा है। समस्या कितनी बढ़ गई है इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि अब कम उम्र में ही बच्चों को चश्मा लगने लगा है। वहीं युवाओं में ड्राई आइज और नजर धुंधली होने की समस्या आम होती जा रही है।

विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के मुताबिक, दुनियाभर में करीब 2.2 अरब से ज्यादा लोग किसी न किसी तरह की आंखों से संबंधित समस्याओं से जूझ रहे हैं।  इनमें से आधे से अधिक मामलों को समय पर देखभाल और उचित उपायों से रोका जा सकता है। 

क्या आप भी आंखों से संबंधित समस्याओं के शिकार हैं, आपकी भी नजर धीरे-धीरे कमजोर होती जा रही है?
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ज्यादा चीनी खाने से बचें - फोटो : Freepik.com
ऑप्थैल्मोलॉजिस्ट डॉ विनीत अग्रवाल बताते हैं, स्क्रीन टाइम बढ़ने का अलावा पोषण की कमी और प्रदूषण, इन सभी का आंखों की सेहत पर सीधा असर होता है। लेकिन एक ऐसी आदत भी है जिस पर अक्सर ध्यान नहीं दिया जाता, वह है जरूरत से ज्यादा चीनी खाना।

 ज्यादा चीनी खाने से आंखों को क्या नुकसान होता है?
 
  • चीनी के अधिक सेवन को सिर्फ मोटापा और डायबिटीज के खतरे से जोड़कर देखा जाता रहा है पर ये आपकी आंखों की सेहत को भी प्रभावित कर सकती है।
  • ज्यादा चीनी खाने से शुगर लेवल बढ़ता है और लंबे समय तक ब्लड शुगर बढ़ा रहने से आंखों की कई समस्याओं का जोखिम बढ़ जाता है।
  • डायबिटीज के रोगियों में डायबिटिक रेटिनोपैथी की दिक्कत बहुत आम है।
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आंखों की बीमारियों के कारण - फोटो : Freepik.com
आंखों की कौन सी बीमारियां हो सकती हैं?

डॉ विनीत बताते हैं,  लंबे समय तक ब्लड शुगर कंट्रोल न रहने से रेटिना की छोटी रक्त वाहिकाएं क्षतिग्रस्त हो सकती हैं। इसे डायबिटिक रेटिनोपैथी कहते हैं। समय पर इलाज न मिलने पर इससे गंभीर रूप से दृष्टि हानि और अंधेपन का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा ज्यादा चीनी खाना और शुगर कंट्रोल न रहना कई तरह की दूसरी समस्याओं का भी कारण बन सकता है।
 
  •  ब्लड शुगर में तेजी से उतार-चढ़ाव होने पर आंखों के लेंस में अस्थायी सूजन और आकार में बदलाव हो सकता है। इससे चीजें धुंधली दिखाई दे सकती हैं। आमतौर पर शुगर सामान्य होने पर अक्सर यह समस्या ठीक हो जाती है।
  • लगातार हाई ब्लड शुगर रहने से आंखों के लेंस में भी बदलाव हो सकते हैं। इससे कम उम्र में मोतियाबिंद होने का खतरा बढ़ सकता है।
  • हाई ब्लड शुगर के कारण आंखों की नसों और आंसू बनाने वाली प्रक्रिया प्रभावित हो जाती है। इससे आंखों में सूखापन, जलन, चुभन और धुंधली नजर की परेशानी हो सकती है।
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आंखों को स्वस्थ रखने वाले डाइट - फोटो : Freepik.com
फिर आंखों को स्वस्थ रखने के लिए क्या करें?

आंखों की अच्छी सेहत के लिए सबसे पहले खानपान में सुधार करना जरूरी है। कोल्ड ड्रिंक्स, पैकेज्ड जूस, कैंडी, चॉकलेट और दूसरी ज्यादा चीनी वाली चीजों का सेवन कम करें। मीठे की इच्छा होने पर ताजे फल बेहतर विकल्प हो सकते हैं।
 
  • इसके अलावा डाइट में विटामिन-ए, सी और ई, जिंक और ओमेगा-3 फैटी एसिड से भरपूर चीजें शामिल करें। 
  • गाजर, हरी पत्तेदार सब्जियां, खट्टे फल, मेवे और मछली आंखों के लिए जरूरी पोषक तत्व प्रदान करते हैं।
  • सबसे जरूरी बात आंखों की नियमित जांच कराते रहें ताकि बीमारी समय रहते पकड़ में आ जाए और इसका इलाज हो सके।




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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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