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H5N1 Outbreak: अब इस शहर में बर्ड फ्लू का प्रकोप, जानिए ये कितना खतरनाक और किन्हें जोखिम ज्यादा

Sun, 26 Apr 2026 08:51 PM IST
Abhilash Srivastava हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

भारत में समय-समय पर कई राज्यों जैसे केरल, महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, हरियाणा, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश में बर्ड फ्लू के मामले सामने आते रहे हैं। हालिया आउटब्रेक बेंगलुरु से सामने आ रहा है जिसने विशेषज्ञों की चिंता बढ़ा दी है।
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बर्ड फ्लू - फोटो : Amarujala.com/AI
संक्रामक बीमारियों का खतरा पिछले एक दशक में तेजी से बढ़ता हुआ देखा गया है। कोरोना महामारी के मामले रहे हों या फिर निपाह, मंकीपॉक्स सभी ने स्वास्थ्य सेवाओं पर गंभीर असर डाला। हालिया रिपोर्ट में बर्ड फ्लू को लेकर फिर से अलर्ट किया जा रहा है। बर्ड फ्लू  या एवियन इन्फ्लुएंजा ऐसी बीमारी है, जो मुख्य रूप से संक्रमित पक्षियों में फैलती है। लेकिन कई बार यह इंसानों तक भी पहुंच सकता है। 

भारत में समय-समय पर कई राज्यों जैसे केरल, महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, हरियाणा, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश में बर्ड फ्लू के मामले सामने आते रहे हैं। खबरों के मुताबिक हालिया आउटब्रेक कर्नाटक में देखा जा रहा है। कर्नाटक के स्वास्थ्य अधिकारियों ने पुष्टि की है कि बेंगलुरु में एवियन इन्फ्लूएंजा का खतरा बढ़ा हुआ था हालांकि समय रहते इसके प्रकोप को सफलतापूर्वक नियंत्रित कर लिया गया है। इंसानों में संक्रमण का कोई मामला सामने नहीं आया है।

इससे पहले बीते महीनों में महाराष्ट्र, पुणे सहित कई अन्य शहरों में संक्रमण का खतरा देखा गया था।
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एच5एन1 का संक्रमण - फोटो : Freepik.com
बेंगलुरु में बर्ड फ्लू आउटब्रेक

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक बेंगलुरु में 14 अप्रैल को शहर के बाहरी इलाके के एक सरकारी पोल्ट्री प्रशिक्षण केंद्र में हालिया प्रकोप की पहचान की गई थी। यहां से बाद में सैंपल भोपाल भेजे गए जहां जांच में इसकी पुष्टि H5N1 स्ट्रेन के रूप में हुई। इसके बाद तुरंत कार्रवाई की गई और संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए जरूरी कदम उठाए गए।  
 
  • पशु चिकित्सा टीमों ने प्रभावित केंद्र में मौजूद सभी पक्षियों को मार दिया ताकि बर्ड फ्लू के फैलने को खतरे को कम किया जा सके। 
  • अधिकारियों ने बताया कि प्रभावित क्षेत्र या उसके आसपास के इलाकों में इंसानों में संक्रमण का कोई भी मामला दर्ज नहीं किया गया है।
  • सभी लोगों को बर्ड फ्लू के खतरे से बचे रहने के लिए लोगों को सावधान किया गया है। 
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बर्ड फ्लू (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : एएनआई (फाइल)
नए स्ट्रेन बढ़ा रहे हैं चिंता

विशेषज्ञों के अनुसार भारत में बर्ड फ्लू के दो स्ट्रेन H5N1 और H5N5 के मामले सबसे ज्यादा रिपोर्ट किए जाते रहे हैं। 
 
  • हर बर्ड फ्लू का मामला इंसानों के लिए खतरनाक नहीं होता, लेकिन लापरवाही स्थिति को गंभीर बना सकती है। संक्रमित पक्षियों के सीधे संपर्क, अधपका चिकन या अंडा खाने और स्वच्छता की अनदेखी जोखिम बढ़ा सकती है।
  • अमर उजाला में प्रकाशित रिपोर्ट में हमने बताया कि बर्ड फ्लू के दुर्लभ स्ट्रेन (H5N5) के कारण इंसानों में पहली मौत दर्ज की गई थी।
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बर्ड फ्लू से कैसे करें बचाव? - फोटो : Freepik.com
इंसानों में क्या होते हैं इसके लक्षण 

बर्ड फ्लू मुख्य रूप से पक्षियों की बीमारी है, लेकिन कुछ मामलों में यह इंसानों को भी संक्रमित करता हुआ देखा गया है। 
 
  • स्वास्थ्य अधिकारी बताते हैं संक्रमण का जोखिम उन लोगों में अधिक होता है जो पोल्ट्री फार्म, चिकन मार्केट, पशुपालन या संक्रमित पक्षियों के संपर्क में रहते हैं। 
  • संक्रमित पक्षियों को छूना, उनकी सफाई करना संक्रमण का कारण बन सकता है।
  • इंसानों में इसके लक्षण सामान्य फ्लू जैसे तेज बुखार, खांसी, गले में खराश, सांस लेने में परेशानी, मांसपेशियों में दर्द जैसे दिखाई देते हैं। 
  • गंभीर मामलों में बर्ड फ्लू के कारण निमोनिया, फेफड़ों में संक्रमण और मल्टी-ऑर्गन फेल्योर तक का खतरा हो सकता है।



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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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