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विशेषज्ञों की सलाह: हाई ब्लड प्रेशर वाले लोगों के लिए इस तरह से सोना है फायदेमंद, कंट्रोल में रहता है रक्तचाप

Thu, 26 May 2022 07:14 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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सोने के तरीके का ब्लड प्रेशर पर असर - फोटो : Pixabay
हाई ब्लड प्रेशर की समस्या को हृदय रोगों का प्रमुख कारक माना जाता है। लगातार बनी रहने वाली यह समस्या गंभीर स्थितियों में हार्ट अटैक जैसी जानलेवा स्थितियों का भी कारण बन सकती है। यही कारण है कि स्वास्थ्य विशेषज्ञ सभी लोगों को रक्तचाप के स्तर को कंट्रोल करने वाले उपाय करते रहने की सलाह देते हैं। हाई ब्लड प्रेशर जिसे हाइपरटेंशन के नाम से भी जाना जाता है, इसे नियंत्रित रखने के लिए आहार और जीवनशैली दोनों पर ध्यान देना आवश्यक माना जाता है। इस स्थिति को नजरअंदाज करना गंभीर समस्याओं का कारण बन सकती है।

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, जिन लोगों को हाइपरटेंशन की समस्या है, उनमें यह जीवनभर बनी रह सकती है। हाइपरटेंशन को सिर्फ कंट्रोल किया जा सकता है, इसलिए रोगियों को स्थिति को नियंत्रित करने वाले सभी प्रयास करते रहने चाहिए।

कुछ अध्ययनों से पता चलता है कि हाइपरटेंशन की स्थिति को नियंत्रित करने में आपके सोने के तरीके की महत्वपूर्ण भूमिका हो सकती है। आइए जानते हैं कि किस तरह से सोने को स्वास्थ्य विशेषज्ञ स्थिति को कंट्रोल करने वाला उपाय मानते हैं?
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हाई ब्लड प्रेशर को कैसे कंट्रोल करें - फोटो : Pixabay
हाइपरटेंशन के बारे में जानिए

हाइपरटेंशन को कंट्रोल करने के तरीकों के बारे में जानने से पहले यह जानना आवश्यक हो जाता है कि आखिर यह समस्या है क्या? स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक धमनी की दीवारों के खिलाफ लंबे समय तक रक्त के बढ़े हुए दबाव की स्थिति को हाई ब्लड प्रेशर  माना जाता है। हमारा हृदय कितना रक्त पंप करता है और धमनियों में रक्त प्रवाह के प्रतिरोध की मात्रा कितनी है, इस आधार पर रक्तचाप के स्तर का निर्धारण किया जाता है। नियमित रूप से सभी लोगों को इसकी जांच कराते रहना चाहिए।
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हाइपरटेंशन में पर्याप्त नींद जरूरी - फोटो : istock
हाइपरटेंशन को कंट्रोल करने के लिए जरूरी है पर्याप्त नींद

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक सभी लोगों के लिए रोजाना रात में 6-8 घंटे की नींद लेना आवश्यक हो जाता है, वहीं यदि आपको हाइपरटेंशन की समस्या है तो इस बात का विशेष ध्यान रखा जाना चाहिए। कुछ शोध बताते हैं कि जिन लोगों को नींद विकार या फिर निर्बाध नींद लेने में दिक्कत होती है, ऐसे लोगों में हाइपरटेंशन विकसित होने का खतरा अधिक हो सकता है। आइए जानते हैं कि सोने के तरीके का इस समस्या को कंट्रोल करने में क्या योगदान माना जाता है?

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सोने की तरीका कैसे होना चाहिए? - फोटो : istock
सोने के इस तरीके को माना जाता है फायदेमंद

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक सोने के तरीके का रक्तचाप के स्तर पर विशेष फर्क पड़ता है। शोधकर्ताओं ने अध्ययन में पाया कि हाई ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने के लिए पेट के बल सोने की आदत काफी सहायक हो सकती है। रक्त वाहिकाओं पर पड़ने वाले दबाव को कम करने के लिए इस तरीके से सोना काफी फायदेमंद माना जाता है। स्लीप एपनिया जैसी समस्याओं में भी इस तरीके से सोने की आदत से लाभ मिलता है।
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ब्लड प्रेशर को कैसे नियंत्रित करें? - फोटो : Pixabay
ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने वाले उपाय करना आवश्यक

स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि हाइपरटेंशन को कंट्रोल करने के लिए सोने के तरीके और कुल अवधि दोनों पर विशेष ध्यान देते रहने की आवश्यकता होती है। विशेषज्ञों का कहना है कि रोजाना नींद पूरी करने और आहार को संतुलित बनाए रखने पर ध्यान देते रहना चाहिए जिससे रक्तचाप को कंट्रोल किया जा सके। इसके अलावा रक्तचाप की समस्या के शिकार लोगों को सोडियम के सेवन को कम करने के साथ दैनिक व्यायाम की आदत को भी जीवनशैली का हिस्सा बनाना चाहिए। 

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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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