Productivity: सुबह-सुबह ऑफिस पहुंचते ही दिन भर की मीटिंग्स, मेल और प्रोजेक्ट्स की लंबी लिस्ट देखकर हो सकता है आपका दिमाग चकरा जाए और आप खुद को उलझा हुआ महसूस करें। ऐसे में आप यह तय नहीं कर पाते कि आखिर शुरुआत किससे और कैसे करें। यही सब सोचते-सोचते वक्त हाथ से निकलता जाता है और तनाव भी बढ़ता है। इस वजह से कभी-कभी आपकी काबिलियत पर भी सवालिया निशान खड़े हो जाते हैं।
ऐसा कार्यकारी कार्यप्रणाली (एग्जीक्यूटिव फंक्शन) की कमजोरी की वजह से होता है। यह दिमाग का प्रबंधन तंत्र होता है, जो तय करता है कि कब, कैसे और किस क्रम में काम करना है। यह समय का बेहतर इस्तेमाल करने और भावनाओं पर काबू पाने में मदद करता है। आइए जानते हैं कि कैसे इस कौशल को सीखा जा सकता है।