भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा पर जीरो लाइन के करीब आयोजित होने वाले बाबा चमिलयाल का मेला इस बार 22 जून को लगने जा रहा है। जम्मू संभाग के जिला सांबा के रामगढ़ क्षेत्र के दग गांव में ये मेला हर साल आयोजित होता है। ये जगह अपने साथ दोनों देशों के इतिहास को समेटे हुए है। मेले के दौरान पाकिस्तान की तरफ चादर चढ़ाई जाती है और इसके बदले में भारत से सीमा पार शक्कर और शरबत भेजी जाती है।
लेकिन बदले हालातों के चलते कई बार न तो चादर पहुंचती है और न ही इस ओर से शक्कर और शरबत सरहद पार जा पाती है। लेकिन फिर सीमा के दोनों ओर रहने वाले लोगों को इस मेले का बेसब्री से इंतजार रहता है। उधर, सरहद पार पाकिस्तान के सैंदावली गांव में भी बाबा की एक मजार है। यहां पर मेले का आयोजन होता है। पाकिस्तान में एक हफ्ते तक मेला लगता है।