फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सीएम राजे की मुश्किल अपनों ने बढ़ाई, भाजपा विधायक ही लगे हैं सरकार को घेरने में

Thu, 08 Feb 2018 10:49 AM IST
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
विज्ञापन
1 of 5
वसुंधरा राजे
उपचुनावों में मिली करारी हार से भाजपा के भीतर घमासान मचा हुआ है। राजस्थान में दो लोकसभा और एक विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस ने बड़े अंतर से जीत दर्ज की है। इसके बाद से राजस्थान की वसुंधरा सरकार बैकफुट पर नजर आने लगी। परेशानी सरकार की इसलिए भी बढ़ी है क्योंकि सरकार के विरोधी माने जाने वाले भाजपा के विधायक ही अब मुखर होने लगे हैं। ऐसा ही कुछ राजस्थान विधानसभा में दिखने को मिल रहा है।
विज्ञापन

गृहमंत्री रहे निशाने पर

2 of 5
फाइल फोटो।
राजस्थान विधानसभा इन दिनों बजट सत्र चल रहा है। जिसमें विपक्ष के हमलों से ज्यादा सरकार को अपनी ही पार्टी के विधायकों के तीखे हमले झेलने पड़ रहे हैं। राजस्थान के गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया भी घेरे जा रहे हैं। इन पर सवालों की बौछार की शेरगढ़ विधायक बाबूसिंह राठौड़ और रामगढ़ विधायक ज्ञानदेव आहूजा ने। दोनों ही विधायकों ने कानून व्यवस्था और पुलिस महकमे में हो रही मनमानी के मुद्दे पर गृहमंत्री को घेरा।
विज्ञापन

इसलिए है चिंता की बात

3 of 5
बाबूसिंह राठौड़
दरअसल शेरगढ़ विधायक बाबूसिंह राठौड़ पार्टी के अनुशासित विधायक माने जाते है। इसके साथ वे भाजपा में राजपूत समाज का काफी दमदार चेहरा है। गौरतलब है कि हाल ही में हुए उपचुनाव में राजपूत समाज की नाराजगी पार्टी को काफी महंगी साबित हुई है। बाबूसिंह राठौड़ ने बुधवार को विधानसभा में सामराउ में हुई हिंसा पर गृहमंत्री से तीखे सवाल किए। जवाब में गृहमंत्री केवल जांच और कमेटी की बात करते नजर आए।

ये रहे हैं परेशानी का कारण

4 of 5
ज्ञानदेव आहूजा
वहीं दूसरे विधायक जिन्होंने गृहमंत्री को घेरा वे है ज्ञानदेव आहूजा। रामगढ़ विधायक आहूजा अपने विवादित बयानों को लेकर चर्चा में रहते है। हाल में ही में अलवर लोकसभा उपचुनाव से पूर्व आए उनके कई बयानों ने पार्टी की जीत में रोड़ा अटकाया। बुधवार को आहूजा ने अलवर एसपी की मनमानी का मुद्दा उठाया। साथ ही पुलिस महकमे में हो रहे भ्रष्टाचार के सवाल पर भी गृहमंत्री को घेरा। 
विज्ञापन
विज्ञापन

ये भी विरोध में

5 of 5
घनश्याम तिवाड़ी
गौरतलब है कि विधायकों के अपनी ही सरकार पर आरोप लगाने का सिलसिला वरिष्ठ विधायक घनश्याम तिवाड़ी से प्रारंभ हुआ। सांगानेर से विधायक घनश्याम तिवाड़ी मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के धुर विरोधी है और राजे पर भ्रष्टाचार पर आरोप लगाते रहे है। साथ ही वे सरकार के दंड विधियां अधिनियम के खिलाफ भी खुलकर बोलते रहे। बजट सत्र के पहले दिन सोमवार को भी उन्होंने सदन में सरकार पर गंभीर आरोप लगाए थे। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें