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इंतजार खत्म: दुश्मनों से सीमा की निगरानी करने को तैनात होंगे राफेल, जानें खूबियां 

Wed, 29 Jul 2020 01:51 PM IST
अमित कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली 
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Rafale Fighter Jet - फोटो : Amar Ujala
आखिरकार इंतजार खत्म हो गया। फ्रांस से पांच राफेल लड़ाकू विमान भारत के लिए उड़ान भर चुके हैं। 7364 किलोमीटर की हवाई दूरी तय करके ये पांचों लड़ाकू विमान बुधवार को अंबाला एयरबेस पहुंचेंगे। फ्रांस से 36 विमानों को लेकर समझौता हुआ है और यह उसकी पहली खेप है। एलएसी पर चीन की चालबाजियों और एलओसी पर पाकिस्तान की नापाक हरकतों को करारा जवाब देने के लिए ये विमान भारत की ताकत में इजाफा करेंगे। माना जा रहा है कि अगले हफ्ते इन्हें चीन सीमा पर तैनात किया जा सकता है।   

राफेल लड़ाकू विमान पिछले कई वर्षों से भारतीय राजनीति के केंद्र में रहा। लोकसभा चुनावों में यह विपक्षी दलों का मुद्दा भी था। हालांकि केंद्र सरकार आरोपों को सिरे से खारिज करती रही है। सरकार का दावा है कि वायुसेना को मजबूत बनाने के लिए इस सौदे को जल्दी पूरा करना जरूरी था। अब दो दिन बाद यह भारतीय धरती पर लैंड करने वाले हैं। ऐसे में जानते हैं इनकी खूबियां
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दो इंजन वाला लड़ाकू विमान

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Rafale Jets - फोटो : दसां एविएशन
  • राफेल विमान फ्रांस की डेसाल्ट कंपनी द्वारा बनाया गया 2 इंजन वाला लड़ाकू विमान है। ये युद्ध के समय अहम भूमिका निभाने में सक्षम है।  
  • हवाई हमला, जमीनी समर्थन, वायु वर्चस्व, भारी हमला और परमाणु प्रतिरोध ये सारी राफेल विमान की खूबियां हैं। 
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आखिर राफेल विमान ही क्यों 

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Rafale Jets - फोटो : PTI
  • वायुसेना ने लंबे टेस्ट के बाद राफेल को चुना। दरअसल राफेल विमान भारत सरकार के लिए एकमात्र विकल्प नहीं था। 
  • इस डील के लिए कई अंतरराष्ट्रीय विमान निर्माताओं ने भारतीय वायुसेना से पेशकश की थी। इनमें से छह बड़ी विमान कंपनियों को चुना गया। 
  • इसमें लॉकहेड मार्टिन का एफ-16, बोइंग एफ/ए-18 एस, यूरोफाइटर टाइफून, रूस का मिग -35, स्वीडन की साब की ग्रिपेन और राफेल शामिल थे। परीक्षणण् और कीमत के आधार पर इन्हें चुना गया। 
  • तकनीक में उन्नत यह विमान हवाई निगरानी, ग्राउंड सपोर्ट, इन डेप्थ स्ट्राइक, एंटी-शर्प स्ट्राइक और परमाणु अभियानों को अंजाम देने में दक्ष है। इसमें मल्टी मोड रडार लगे हैं।

60 हजार फुट की ऊंचाई तक जाने में सक्षम 

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Rafale Jets - फोटो : दसां एविएशन
  • राफेल एक मिनट में 60 हजार फुट की ऊंचाई तक जा सकता है। अधिकतम भार उठाकर इसके उड़ने की क्षमता 24500 किलोग्राम है।
  • विमान में ईंधन क्षमता 17 हजार किलोग्राम है। यह दो इंजन वाला लड़ाकू विमान है, जो भारतीय वायुसेना की पहली पसंद है। हर तरह के मिशन में भेजा जा सकता।
  • 24,500 किलो उठाकर ले जाने में सक्षम और 60 घंटे अतिरिक्त उड़ान की गारंटी। 150 किलोमीटर की दूरी तक इससे दागी जाने वाली मिसाइल दुश्मन की नजर में जल्दी से नहीं आती। साथ ही यह हवा से जमीन पर मार करने में भी सक्षम है।
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3700 किलोमीटर तक मारक क्षमता

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Rafale Jets - फोटो : दसां एविएशन
  • स्कैल्प मिसाइल की रेंज 300 किलोमीटर है। राफेल की अधिकतम स्पीड 2,130 किमी/घंटा और 3700 किलोमीटर तक मारक क्षमता। 
  • एक मिनट में 60,000 फुट की ऊंचाई और 4.5 जेनरेशन के ट्विन इंजन से लैस। 75 फीसदी विमान हमेशा ऑपरेशन के लिए तैयार हैं, परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम है। 
  • राफेल को अफगानिस्तान, लीबिया, माली और इराक में इस्तेमाल किया जा चुका है।
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