फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

निपाह पर हुआ बड़ा खुलासा, फलों से नहीं बल्कि इस वजह से फैल रहा है वायरस

Wed, 23 May 2018 10:36 AM IST
परीक्षित निर्भय, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 7
केरल में चमगादड़ के जानलेवा वायरस को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है। अब तक कयास लगाए जा रहे थे कि इस लाइलाज निपाह वायरस के इंसानों में पहुंचने के पीछे फलों का सेवन एक वजह हो सकती है। लेकिन मंगलवार को दिल्ली से केरल पहुंची विशेषज्ञों की टीम ने कुछ और ही स्थिति बयां की है।      
विज्ञापन

2 of 7
Nipah Virus
अमर उजाला से एक्सक्लुसिव बातचीत में टीम के एक वरिष्ठ डॉक्टर ने बताया कि मंगलवार सुबह जब उनकी टीम केरल के कोझिकोड जिले के गांव पेराम्बरा में जांच के लिए पहुंची तो सबसे पहले विशेषज्ञों ने मृतकों के घरों और आसपास जांच की। इस दौरान घर से कुछ ही दूरी पर मिले कुएं ने टीम के होश ही उड़ा दिए। इस कुएं में टीम को करीब 500 से ज्यादा चमगादड़ों का झुंड मिला।
विज्ञापन

3 of 7
इतनी तादाद में चमगादड़ों को देखने के बाद टीम आगे कुछ निर्णय ले पाती, इसी बीच दो और कुओं के बारे में उन्हें जानकारी मिली और वे जांच करने पहुंचे। डॉक्टर ने बताया कि तीनों कुओं को मिलाकर करीब दो हजार से ज्यादा चमगादड़ वहां मौजूद थे। उन्होंने आशंका जताई है कि इसी कुए के पानी से चमगादड़ का खतरनाक वायरस निपाह इंसानों तक पहुंचा है। हालांकि इसकी पुष्टि करने के लिए टीम ने 60 चमगादड़ों को पकड़कर प्रयोगशाला जांच के लिए भेजा है। साथ ही कुए के पानी की टेस्टिंग भी शुरू हो चुकी है। सूत्रों की मानें तो पानी की जांच रिपोर्ट बुधवार तक टीम को मिल जाएगी।

4 of 7
वहीं नेशनल सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि अभी तक दो ही लोगों की निपाह वायरस की वजह से मौत होने की पुष्टि हुई है। जबकि स्थानीय प्रशासन और लोगों के मुताबिक यह आंकड़ा करीब 16 से ऊपर है। मंगलवार को भी दो लोगों की मौत की पुष्टि केरल सरकार ने की है। बता दें कि निपाह वायरस चमगादड़ से फैलने वाली बीमारी है। इसलिए बीमारी को काबू में करने के लिए केरल वन विभाग कुओं में जाल डालकर चमगादड़ों को पकड़ने के काम में जुट गया है। 
विज्ञापन

5 of 7
अभी तक देश के तमाम मेडिकल विशेषज्ञों का कहना है कि निपाह वायरस पहले फलों और फिर इंसानों में फैलता है। लेकिन दिल्ली से जांच के लिए गई टीम ने वहां स्थिति कुछ और ही होने की आशंका व्यक्त की है। बहरहाल, इस बीच केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने एक बयान जारी कर स्थिति को नियंत्रण में बताया। साथ ही लोगों से अपील की है कि निपाह वायरस की किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें।
विज्ञापन

6 of 7
निपाह वायरस की जांच के लिए नेशनल सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल के निदेशक डॉ. सुजीत के सिंह के नेतृत्व में वैज्ञानिकों की एक टीम दिल्ली से केरल पहुंची है। जबकि दूसरी टीम में एम्स के इंटरनल मेडिसिन विभाग के वरिष्ठ डॉक्टर आशुतोष बिस्वास और सफदरजंग अस्पताल के पल्मोनॉलिजिस्ट डॉ. दीपक भट्टाचार्य शामिल हैं। इनके अलावा टीम में दो अन्य विशेषज्ञ और एक पशुपालन मंत्रालय से वरिष्ठ अधिकारी भी साथ में पहुंचे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

7 of 7
जांच टीम से पता चला है कि बुधवार दोपहर तक चमगादड़ों की जांच रिपोर्ट उन्हें मिल जाएगी। पहचान छिपाने की शर्त पर डॉक्टर ने बताया कि अगर सैंपल में निपाह वायरस के अंश मिलते हैं तो आसपास के सभी कुओं को सील कर दिया जाएगा। साथ ही टीम के पास चमगादड़ों को कुओं में ही मारने के अलावा अन्य कोई विकल्प नहीं होगा।     

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें