प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निमंत्रण पर बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना शुक्रवार को चार दिवसीय यात्रा पर दिल्ली पहुंच गई। पीए मोदी ने प्रोटोकॉल तोड़ कर पालम एयरपोर्ट पर अपने बांग्लादेशी समकक्ष की आगवानी की। दोनों देशों के राष्ट्राध्यक्षों के बीच शनिवार को महत्वपूर्ण द्विपक्षीय वार्ता होगी।
इस दौरान रक्षा, व्यापार, परमाणु ऊर्जा सहयोग सहित विभिन्न क्षेत्रों में करीब दो दर्जन समझौतों पर सहमति बनने के आसार हैं। इस दौरान बांग्लादेश को भारत की ओर से सैन्य आपूर्ति के लिए 50 करोड़ डॉलर का कर्ज दिए जाने की घोषणा भी संभव है। हालांकि दोनों देशों के बीच तीस्ता नदी जल बंटवारे पर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के रुख के कारण समझौते की उम्मीद कम है। भारत को इस दौरान आतंकवाद पर बांग्लादेश का समर्थन हासिल होने की उम्मीद है।
बीते यूपीए सरकार के कार्यकाल के दौरान ही चीन से बांग्लादेश की नजदीकियां कम करने की शुरू हुई कवायद को हसीना की भारत यात्रा में और विस्तार मिल सकता है। इसके तहत भारत की ओर से बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हो रहे हमले को ज्यादा तवज्जो न दिए जाने और इसके बदले आतंकवाद पर सहयोग बढ़ाने के मुद्दे को बातचीत के एजेंडे में प्रमुखता दी गई है।
दोनों देशों के बीच आतंकवाद के खात्मे की रूपरेखा तैयार करने पर भी सहमति बनेगी। दरअसल अपने खिलाफ आतंकवाद के लिए बांग्लादेश का हो रहे उपयोग से भारत दशकों से चिंतित रहा है। इसके अलावा दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार बढ़ाने के लिए मोदी-हसीना की बैठक के बाद अहम घोषणा होगी।