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दिल्ली में कांग्रेस को दिखने लगी है सत्ता की वापसी, अकेले दम पर ताल ठोकने को तैयार

Wed, 12 Dec 2018 07:05 AM IST
विजय सिंघल, नई दिल्ली
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congress celebrate - फोटो : अमर उजाला
पांच राज्यों के चुनाव नतीजों से राजधानी के कांग्रेसी गदगद हैं। तीन राज्यों में कांग्रेस की सरकार बनने से उनमें उत्साह है और वे अब दिल्ली में भी अकेले दम पर चुनाव लड़ने के लिए ताल ठोकने के लिए तैयार हैं। उनका मानना है कि कांग्रेस का जनाधार पहले ही बढ़ा है और अब लोगों को लगने लगा है कि कांग्रेस ही दिल्ली को सही दिशा दे सकती है। वहीं कांग्रेस के ऐसे नेता भी हैं, जो मानते हैं कि दिल्ली अभी दूर है। यदि लोकसभा चुनावों में आप से समझौता नहीं हुआ तो सभी सातों सीट हाथ से निकल सकती है। 
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कुछ अरसा पूर्व तक कांग्रेस को काफी कमजोर माना जा रहा था। तीन राज्यों में कांग्रेस की जीत से राजधानी में भी यह संदेश गया कि कांग्रेस कभी खत्म होने वाली पार्टी नहीं है। कांग्रेस ने विधानसभा चुनावों के बाद एमसीडी व विधानसभा के उपचुनावों में अपनी हालत में सुधार किया है। उसका खिसका वोट बैंक वापस आया है। 

यही कारण है कि कांग्रेस-आप के बीच गठबंधन के कयास लगे जिसका आप ने कभी खंडन नहीं किया, लेकिन कांग्रेस ने जरूर खुलकर विरोध किया। कांग्रेस का एक धड़ा भाजपा को सत्ता से दूर करने के लिए गठबंधन के पक्ष में था। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय माकन इस मुद्दे को लेकर त्यागपत्र तक दे चुके हैं, यह अलग बात है कि उनका त्यागपत्र अभी भी स्वीकार नहीं हुआ। हालांकि माकन ने इसके पीछे स्वास्थ्य को कारण बताया है। 

 
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भाजपा भी नहीं चाहती कि दोनों में गठबंधन हो। भाजपा नेता भले ही ऊपरी तौर कह रहे हैं कि गठबंधन होने से यह संदेश जाएगा कि दोनों पार्टियों पहले ही मिली हुई हैं। लेकिन दबे जुबान में वे भी मानते हैं कि इस गठबंधन के बाद उनके लिए सातों सीट पर जीत हासिल करना आसान नहीं होगा, क्योंकि दोनों के बोट बंटने से ही भाजपा को फायदा होगा। 

मध्यप्रदेश, राजस्थान व छत्तीसगढ़ के चुनाव नतीजों से कांग्रेसी नेता उत्साह में हैं और उनका मानना है कि अब दिल्ली में भी कांग्रेस अपना खोया हुआ जनाधार पुन: हासिल कर लेगी। वहीं कुछ ऐसे भी नेता है कि जो भाजपा को हराने के लिए आप से गठबंधन के पक्ष में है। उनका मानना है कि अब कांग्रेस की स्थिति उस हालत में हो गई है कि आप पार्टी से अपनी शर्तों पर गठबंधन कर सके।  कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं सीलिंग अभियान के चेयरमैन मुकेश शर्मा ने स्पष्ट कर दिया कि आप से गठबंधन का कोई सवाल ही नहीं है। कांग्रेस दिल्ली में भी अन्य राज्यों की तरह प्रदर्शन करेगी। 
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