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यूपी: यहां कान्वेंट को मात दे रहा परिषदीय विद्यालय, इन शिक्षकों की मेहनत लाई रंग

Sun, 31 Jan 2021 09:03 PM IST
vivek shukla बृजभूषण दूबे, मुरारपुर (गोरखपुर)।
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परिषदीय विद्यालय। - फोटो : अमर उजाला।
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के उरुवा ब्लॉक के पूर्व माध्यमिक विद्यालय इन्नाडीह के प्रधानाध्यापक यतींद्र कुमार गुप्ता व उनकी टीम ने विद्यालय की सूरत ही बदल दी। इन शिक्षकों की लगन के कारण इस विद्यालय में सुविधाएं किसी निजी विद्यालय से कम नहीं हैं। चाहे वह पढ़ाई के मामले में हो या तकनीकी ज्ञान। प्रधानाध्यापक ने बताया कि वह अपनी टीम के बल पर विद्यालय के शैक्षणिक माहौल को उच्च स्तर पर ले जा सके हैं।
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परिषदीय विद्यालय। - फोटो : अमर उजाला।
शिक्षा के स्तर में सुधार के लिए उन्होंने बच्चों को बैठने के लिए डेस्क-बेंच के अलावा वाइट बोर्ड, कंप्यूटर शिक्षा के लिए लैपटॉप भी खरीदा। उन्होंने बताया कि उनकी टीम बच्चों के साथ दोस्ताना रुख अख्तियार करती है। बच्चों को उन्हीं की भाषा में समझाया जाता है। कमजोर बच्चों के लिए अलग क्लासरूम की व्यवस्था की गई है। स्पोर्ट्स, रंगोली, मेहंदी, राखी बनाना, सिलाई, कढ़ाई और पेंटिंग सिखाने की भी व्यवस्था की गई है। वर्ष 2015 में इस विद्यालय को आदर्श विद्यालय के रूप में चुना जा चुका है।
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परिषदीय विद्यालय। - फोटो : अमर उजाला।
भौतिक परिवेश पर विशेष ध्यान
शिक्षकों की टीम ने ग्रामीण परिवेश के विद्यार्थियों को स्कूल से जोड़ने के लिए भौतिक परिवेश पर विशेष ध्यान दिया है। भवन को अच्छे से रंग रोगन किया गया है, प्रांगण में हरियाली की व्यवस्था की गई है। स्कूल का एक छोटा किचन गार्डन है जहां मौसमी सब्जियां उगाई जाती हैं। बच्चों के खेलने के लिए इंडोर गेम की व्यवस्था है। प्रत्येक बच्चों को आई कार्ड भी दिए गए हैं। लड़कियों के लिए कॉमन रूम तथा सभी बच्चों के लिए मिनी प्रयोगशाला की स्थापना की गई है।

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परिषदीय विद्यालय। - फोटो : अमर उजाला।
प्रोजेक्टर के माध्यम से दी जा रही डिजिटल शिक्षा
बहुआयामी दृष्टिकोण अपनाते हुए बच्चों को आईसीटी के माध्यम से शिक्षित किया जा रहा है। इसके लिए टैबलेट तथा लैपटॉप की भी व्यवस्था की गई है। वर्ष 2018 के शैक्षिक सत्र में प्रधानाध्यापक यतींद्र ने अपने संसाधन से प्रोजेक्टर की व्यवस्था की। जिसकी वजह से आज बच्चों को उच्च गुणवत्ता की शिक्षा दी जा रही है। यहां के विद्यार्थियों ने विभिन्न विज्ञान प्रदर्शनी में पुरस्कार प्राप्त कर विद्यालय का नाम रोशन किया है। गोरखपुर महोत्सव में अपनी उपस्थिति दर्ज कर पुरस्कार भी प्राप्त किए। विद्यालय में बाल संसद का भी गठन किया गया है।
 
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परिषदीय विद्यालय। - फोटो : अमर उजाला।
इनकी मेहनत लाई रंग
प्रधानाध्यापक यतींद्र कुमार गुप्ता, सहायक अध्यापक अरविंद कुमार गुप्ता, प्रीति जायसवाल, अरुण कुमार और अनुदेशक अखंड प्रताप सिंह ने लोगों का नजरिया सरकारी स्कूल के प्रति बदलने का काम किया।
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