गोरखपुर लॉकडाउन।
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शासन-प्रशासन ने जरूरी सामानों के लिए सुबह छह से 9.30 बजे तक की छूट विषम परिस्थितियों में लोगों के सहूलियत के लिए दी है। मगर शहर के तमाम इलाकों का नजारा देख कर लग रहा है कि एक दिन सब्जी नहीं खाएंगे, दूध नहीं पीएंगे तो मर ही जाएंगे। बुधवार की सुबह का नजारा तो ऐसा ही था। घोषकंपनी, दाउदपुर, घंटा घर, रेती, असुरन, मोहद्दीपुर, राप्तीनगर में सब्जी और दवा की एक-एक दुकानों पर 50 से 70 लोग एक-दूसरे को धक्का देते नजर आए। एक मीटर की दूरी तो दूर लोगों ने अपने चेहरे पर मास्क या फिर उसे रूमाल से ही ढ़क लेना भी लोग जरूरी नहीं समझ रहे।