कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों की वजह से औद्योगिक जगत फिर सहम गया है। उसे आशंका है कि यदि कोरोना संक्रमण के मामले इसी तरह बढ़ते रहे तो हालात फिर बिगड़ सकते हैं। यदि ऐसा हुआ तो काफी नुकसान हो जाएगा। अभी पिछले साल लगे लॉकडाउन के कारण हुए नुकसान की ही भरपाई नहीं हो पाई है। दरअसल, पिछले साल जब लॉकडाउन लगा और उसके खुलने तक उद्योगों के पहिए पूरी तरह थमे रहे। इस वजह से न सिर्फ उत्पादन ठप रहा, बल्कि फैक्ट्री मालिक से लेकर कर्मचारी व मजदूर तक की आर्थिक स्थिति काफी खराब हो गई।