स्वातंत्र्य वीर सावरकर रिव्यू
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
स्वातंत्र्य वीर सावरकर की कहानी लेखक और राजनेता विनायक दामोदर सावरकर की जिंदगी पर आधारित है, जिन्हें वीर सावरकर भी कहा जाता था। फिल्म के रिव्यू को लेकर सोशल मीडिया भी दो गुटों में बंट गया है। एक तरफ कुछ लोग का कहना है कि फिल्म में सावरकर की बहादुरी को देख रोंगटे खड़े हो गए। वहीं, कुछ लोगों ने इसे प्रोपेगेंडा बताया है। हालांकि, रणदीप ने अपने हर इंटरव्यू में बताया है कि यह फिल्म किसी भी प्रकार से राजनीति या चुनाव से नहीं जुड़ी हुई है।