| Movie Review: |
शेरशाह |
| लेखक: |
संदीप श्रीवास्तव |
| कलाकार: |
सिद्धार्थ मल्होत्रा, कियारा आडवाणी, शिव पंडित, निकितिन धीर, साहिल वैद, मीर सरवर, पवन चोपड़ा और शताफ फिगार |
| निर्देशक: |
विष्णु वर्धन |
| ओटीटी: |
प्राइम वीडियो |
| रेटिंग: |
** |
हिंदी फिल्म इंडस्ट्री दशकों से एक अलग तरह की ही दुनिया में जीती रही है। इस दुनिया में स्वस्थ आलोचना की जगह कम ही होती है। हर सितारे को सिर्फ अपनी तारीफ पसंद आती है। और, अब ये रोग उस ओटीटी को भी लग चुका है जिस पर फिल्म ‘शेरशाह’ प्रसारित हो रही है। फिल्म की रिलीज से पहले सारे जतन किए गए कि किसी तरह फिल्म ‘शेरशाह’ के बारे में सिर्फ अच्छी अच्छी ही बातें लिखी जाएं। लेकिन, अच्छी बात वही होती है जो पाठकों को किसी भी फिल्म, वेब सीरीज या डिजिटल फिल्म के लिए सच्ची सच्ची लिखी जाए। बजाय समीक्षकों पर मानसिक दबाव बनाने के प्राइम वीडियो अगर अपनी फिल्मों के चयन में ईमानदारी बरते तो उन्हें ये सब करने की जरूरत पड़ेगी नहीं।
प्राइम वीडियो पर ‘पाताल लोक’, ‘पंचायत’ जैसी दमदार वेब सीरीज भी प्रसारित हुई हैं और उनकी तारीफें भी हुईं। लेकिन, फिल्म ‘शेरशाह’ की रिलीज से पहले जिस तरह का माहौल बनाने की कोशिश की गई, उससे प्रतीत यही होता है कि ओटीटी के पास सही कंटेंट का चुनाव करने वाली टीम तो है ही नहीं, उनका प्रचार प्रसार देखने वाली टीम भी समीक्षकों को दबाव में रखकर अपनी पसंद के रिव्यूज लिखवाने में यकीन रखती है। लेकिन, ‘शेरशाह’ एक औसत फिल्म है और यही हकीकत है।