निश्चय
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भप्पी सोनी फिल्म निश्चय के प्रोड्यूसर रहे। फिल्म को निर्देशित किया इस्माइल श्रॉफ ने। इस्माइल ने सिनेमा में अपना करियर दिग्गज निर्देशक भीम सिंह के असिस्टेंट के तौर पर शुरू किया और अमोल पालेकर के साथ फिल्म अगर इफ बनाकर अपना निर्देशन करियर शुरू किया। इस्माइल के करियर की दूसरी फिल्म थोड़ी सी बेवफाई सुपरहिट फिल्म थी। राजेश खन्ना, शबाना आजमी और पद्मिनी कोल्हापुरे स्टारर ये फिल्म 1980 में रिलीज हुई और अगले 24 साल इस्माइल श्रॉफ इसकी कमाई खाते रहे। थोड़ी सी बेवफाई के बाद उन्होंने अगले ही साल राजकुमार के साथ फिल्म बुलंदी बनाई, ये फिल्म भी हिट रही। राजकुमार के साथ इस्माइल श्रॉफ ने इसके बाद पुलिस पब्लिक भी बनाई। राजकुमार की आखिरी फिल्म गॉड एंड गन के निर्देशक भी इस्माइल ही हैं। पुलिस पब्लिक बनाने के बाद इस्माइल को एक कहानी एक युवा वकील की मिली औऱ इसके लिए उन्होंने सलमान खान को राजी कर लिया। किसी फिल्म में वकील का किरदार करने का सलमान खान का ये पहला मौका रहा।
फिल्म निश्चय में सलमान खान ने विनोद खन्ना के साथ पहली बार काम किया। फिल्म में दोनों भाइयों के किरदार में हैं। इस फिल्म में सलमान खान के बड़े भाई बने विनोद खन्ना ने बाद में साल 2009 में फिल्म वॉन्टेड में सलमान के पिता का किरदार निभाया। फिल्म दबंग और दबंग 2 में भी विनोद खन्ना ने सलमान खान के पिता का रोल किया। फिल्म निश्चय की कहानी में बड़ा भाई रवि जिस सेठ का नौकर होता है, वह उसके अपनी पत्नी के साथ नजदीकी रिश्तों पर शक करता है और उसके बलात्कार और हत्या के झूठे केस में फंसा देता है। सेठ की बीवी छोटे भाई रवि की मदद करना का वायदा करती है। जेल से छूटने के बाद रवि अपने छोटे भाई को ढूंढता है जिसे एक मशहूर वकील गुजराल ने गोद ले लिया था और अब उसे दुनिया वासुदेव गुजराल नामक वकील के नाम से जानती है। वासुदेव को जिस लड़की पायल से प्यार होता है वह उसी सेठ की बेटी है जिसने उसके बड़े भाई को जेल भिजवाया था। उधर, रवि अपने ही छोटे भाई को मारने की सुपारी ले लेता है। बाद में हालात करवट लेते हैं, सबको सब पता चलता है। मनोहर को अपने कर्मों की सजा मिलती है। छोटे भाई का भविष्य संवारने में बड़ा भाई कुर्बान हो जाता है।
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