निर्माताः दिनेश विजन
निर्देशकः अमर कौशिक
सितारेः राजकुमार राव, श्रद्धा कपूर, त्रिपाठी
रेटिंग **
वह हर साल चार दिनों के लिए आती है और फिर गायब हो जाती है। इन चार दिनों में शहर के पुरुष गायब होने लगते हैं। सिर्फ उनके वस्त्र मिलते हैं। वह पुरुषों को उठा कर न ले जाए इसलिए लोग अपने घर की दीवार पर कौवे और चमगादाड़ के खून से लिखा रखते हैं, ओ स्त्री कल आना। वह पढ़ना जानती है लेकिन भोली है।
सोचती है कि ठीक है आज यहां कोई नहीं है, कल आएगी। वह लौट जाती है। इस बार भी वह आई है और एक ही रात में बीस पुरुषों को उठा लिया है। हर तरफ डर पसरा है। वह ऐसा क्यों करती है? आगे क्या होगा? दुनिया में भूत-प्रेत-चुड़ैल का अस्तित्व हो न हो लेकिन उनकी कहानियां अवश्य हैं।