मर्लिन मुनरो
- फोटो : instagram/marilynmonroe
अपनी नोटबुक में एक जगह मुनरो लिखती हैं, ''मैं कभी-कभी इंसानों का साथ बर्दाश्त नहीं कर पाती। मुझे पता है कि उनकी अपनी दिक्कतें हैं, ठीक उसी तरह जैसे कि मेरी अपनी परेशानियां। फिर भी मैं उनकी बातें सुन-सुनकर थक गई हूं। उनकी परेशानियां समझने, उन्हें हौसला और मदद दे-देकर मैं थक गई हूं।''
एक अभिनेत्री होने पर मर्लिन मुनरो लिखती हैं, ''मेरी पहली ख्वाहिश हीरोइन बनना था, बिना इस बारे में शर्मिंदा हुए मैं ये काम करना चाहती थी। मैं इसके लिए तकलीफ बर्दाश्त करने को भी तैयार हूं।'' वो एक जगह ये भी लिखती हैं कि उन्हें पता है कि वो कहां से आती हैं। उन्हें हवा में उड़ने की कल्पना करते हुए ये पता है कि जमीन पर उनके पांव कहां पर थे।