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EXCLUSIVE: मदद मांगने सलमान खान के घर पहुंचे स्पॉटबॉय को चौकीदारों ने भगाया, मैनेजर ने उठाया ये कदम

Wed, 01 Jul 2020 12:59 PM IST
अपूर्वा राय पंकज शुक्ल/रोहिताश सिंह परमार, मुंबई
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मदद मांगने सलमान के घर पहुंचे स्पॉटबॉय - फोटो : अमर उजाला मुंबई
हिंदी सिनेमा बनाने में आखिरी छोर पर खड़ा इंसान भी सेट पर बराबर की इज्जत पाता है। इस इंसान का काम फिल्म के कलाकारों से लेकर फिल्म के निर्देशक, सिनेमैटोग्राफर, आर्ट डायरेक्टर सबकी एक आवाज पर जवाब देना है, जी सर। इन्हें फिल्मी भाषा में स्पॉट बॉय कहते हैं। आम बोलचाल की भाषा में कहें तो ऑफिस बॉय टाइप का कर्मचारी, फिल्म या टीवी की शूटिंग पर जिस पर हर कोई हुकुम चलाता है लेकिन इज्जत से। इज्जत से उसको स्पॉट दादा कहकर ही बुलाया जाता है। ऐसे ही एक स्पॉट दादा हैं रमाकांत जायसवाल, जिनकी जब किसी ने नहीं तो सलमान खान ने सुनी है।
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सलमान खान अपने पिता के साथ - फोटो : Amar Ujala, Mumbai
हिंदी सिनेमा के दबंग अभिनेता सलमान खान की दरियादिली के किस्से अक्सर सुनने में आते रहते हैं। गैलेक्सी अपार्टमेंट के अपने घर में सलीम खान ने भी पिछली बार मिलने पर अमर उजाला को बताया था कि कैसे हर रोज वह सुबह सवेरे गैलेक्सी के सामने जुटने वाले मरीजों से अपने डॉक्टर के साथ मिलते हैं और जिसको जितनी जरूरत  होती है, उसको इलाज करने वाले अस्पताल के नाम से आर्थिक मदद भी बीईंग ह्यूमन फाउंडेशन के जरिए दिलाते हैं।
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स्पॉट बॉय रमाकांत जायसवाल - फोटो : अमर उजाला मुंबई
इस बार सलीम खान के इसी दावे के इम्तिहान की बारी है। फिल्म इंडस्ट्री के सीनियर स्पॉट बॉय रमाकांत जायसवाल की पत्नी को कैंसर होने की पुष्टि हुई तो उनके पैरों के नीचे से जमीन खिसक गई। उन्होंने मदद के लिए तमाम हाथ पैर मारे पर कुछ खास हुआ नहीं। फिल्म मजदूरों के हितों के नाम पर बरसों से अपनी इमेज बनाने वाले फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडियन सिने एम्पलॉइड के पास मामला पहुंचा तो जैसा कि वह हर मामले में करते हैं। पहला सवाल फेडरेशन ने रमाकांत से वही किया कि वह उनके संगठने के मेंबर हैं कि नहीं?

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सलमान खान का घर - फोटो : सोशल मीडिया
रमाकांत जायसवाल की पत्नी को अचानक से हुई बीमारी के चलते मुंबई के टाटा मेमोरियल अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा है। इलाज के लिए पैसा न होने के कारण लाचार स्पॉट बॉय लोगों से मदद मांग रहे हैं। फेडरेशन को पहला मतलब अपनी यूनियन की मेंबरशिप से है, इंसानियत वहां इसके बाद आती है। तो रमाकांत ने वहां पहुंचने का मन बनाया जहां सारी बात ही इंसान बने रहने से शुरू होती है यानी बीइंग ह्यूमन फाउंडेशन। लेकिन, यहां भी पहली मुलाकात उनकी इंसानों से न हो सकी। पहला साबका रमाकांत सलमान खान की बिल्डिंग के चौकीदारों से पड़ा जिन्होंने न सिर्फ रमाकांत को कायदे से हड़काया बल्कि वहां से भाग जाने को भी कहा। रमाकांत के साथ हुई इस बदतमीजी का मामला अमर उजाला के पास तक पहुंचा तो अमर उजाला ने इस पूरे मामले की जानकारी सलमान खान के मैनेजर जॉर्डी पटेल को दी। पटेल ने स्पॉटदादा के साथ हुए दुर्व्यवहार के लिए खेद जताया औऱ खुद भी उनसे बात की।
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सलमान खान - फोटो : Social Media
जॉर्डी पटेल कहते हैं, “रमाकांत का फोन नंबर सलमान खान के एनजीओ बीइंग ह्यूमन को भेज दिया गया है। तमाम लोग गैलेक्सी अपार्टमेंट के सामने पैसे मांगने के लिए भी जमा होते रहते हैं।” इस बारे में सलमान खान का जनसंपर्क देखने वाली टीम ने भी अपने सिरे से कार्यवाही शुरू की है। उनका कहना है कि बीइंग ह्यूमन सबसे पहले किसी भी फरियादी की जानकारी लेकर पूरी जांच करता है। उसके बाद ही मदद शुरू की जाती है। रमाकांत को अब आस बंधी है कि सलमान खान के यहां से उनको मदद जरूर मिलेगी।
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