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श्रेयस तलपड़े: करियर ब्रेकअप पर बोले अभिनेता- दोस्तों ने पीठ में घोंपा छुरा, इंडस्ट्री में दस प्रतिशत लोग ही सच्चे

Mon, 17 May 2021 10:24 AM IST
अमरीन हुसैन एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
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श्रेयस तलपड़े - फोटो : Insatagram- @shreyastalpade27

फिल्म इंडस्ट्री चमक-धमक वाली वो दुनिया है, जो हर किसी को आकर्षित कर लेती है। हर साल सैकड़ों लोग छोटे शहरों से निकलकर मायानगरी में अपना सपना साकार करने के लिए आते हैं। यहां आकर किसी को मंजिल मिल जाती है तो कोई साइड कैरेक्टर बनकर रह जाता है। वहीं, कुछ ऐसे भी हैं जो जिंदगी भर एक ब्रेक के लिए मशक्कत करते रह जाते हैं, लेकिन उन्हें कोई मौका नहीं मिलता। बॉलीवुड से लेकर दक्षिण सिनेमा और भोजपुरी इंडस्ट्री तक में ऐसी कई कहानियां देखने को मिलती हैं। इनमें कुछ तो प्रोत्साहित करती हैं, वहीं कुछ ऐसी भी हैं जो चकाचौंध के पीछे छिपे लोगों के असली रूप से आपको रुबरू करवाती हैं। ये सिलसिला आज से नहीं बल्कि सदियों से चला आ रहा है। अब तो बॉलीवुड ने सौ साल से ज्यादा पूरे कर लिए हैं, लेकिन इस स्थिति में कुछ बदलाव देखने को नहीं मिला है। अन्य राज्यों से आए कलाकरों के साथ तो ऐसा होता ही है, लेकिन खुद मंबई में जन्में एक अभिनेता के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ है। वो कोई और नहीं बल्कि खुद श्रेयस तलपड़े हैं। एक इंटरव्यू में उन्होंने अपनी आपबीती सुनाई।

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श्रेयस तलपड़े - फोटो : Insatagram- @shreyastalpade27

ओम शांति ओम, गोलमाल सीरीज, वाह ताज और इकबाल जैसी हिंदी व मराठी भाषा में 45 फिल्में करने वाले श्रेयस ने अपने करियर में बुरा वक्त देखा तो, वो भी किसी की दुश्मनी की वजह से नहीं बल्कि खुद अपने दोस्तों की वजह से। अब उन्होंने इस विश्वासघात पर खुलकर बातचीत की है। अपने साथ हुए अनुभव का उन्होंने एक इंटरव्यू में खुलासा किया है।

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श्रेयस तलपड़े - फोटो : Insatagram- @shreyastalpade27

श्रेयस तलपड़े का कहना है कि इंडस्ट्री में सौ में से सिर्फ दस प्रतिशत लोग ही सही हैं। बाकी नब्बे प्रतिशत लोग आपकी टांग खींचने में लगे रहते हैं। क्योंकि वो असुरक्षा से घिरे होते हैं। इसको लेकर तलपड़े ने और भी कई खुलासे किए, जिसके बाद से वे चर्चा में बने हुए हैं और फिल्म इंडस्ट्री में दोस्ती की आड़ में आघात पर चर्चा शुरू हो गई।

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श्रेयस तलपड़े - फोटो : Insatagram- @shreyastalpade27

श्रेयस तलपड़े की फिल्म इकबाल ने अच्छा व्यवसाय कर लिया था। उन्होंने कहा ‘दस प्रतिशत लोग ही वास्तविक हैं। मैंने खुद की मार्केटिंग नहीं की, इस बात पर विश्वास करके कि मेरा काम बोलेगा। मुझे पता चला कि कुछ ऐसे अभिनेता हैं जो मेरे साथ स्क्रीन साझा करने को लेकर असुरक्षित हैं और नहीं चाहते हैं कि मैं किसी फिल्म में रहूं।’

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श्रेयस तलपड़े - फोटो : Insatagram- @shreyastalpade27
उन्होंने आगे कहा ‘मैंने दोस्तों के हितों को ध्यान में रखते हुए कुछ फिल्में की हैं लेकिन फिर मुझे उन्हीं दोस्तों ने पीठ में छुरा घोंप दिया। फिर ऐसे दोस्त हैं जो मुझे शामिल किए बिना आगे बढ़ते गए हैं और फिल्में बनाते हैं। यह एक सवाल खड़ा करता है कि क्या वे दोस्त भी हैं। दरअसल, इंडस्ट्री में नब्बे प्रतिशत लोग सिर्फ परिचित होते हैं, दस प्रतिशत ही ऐसे होते हैं जो आपके अच्छा करने पर वास्तव में खुशी महसूस करते हैं। यहां ईगो काफी नाजुक है।’
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