फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

'शोले' की चिंगारी तलाश रहा है बॉलीवुड...

Sun, 21 Aug 2016 04:15 PM IST
बीबीसी
विज्ञापन
1 of 8
15 अगस्त को बॉलीवुड की मास्टरपीस फिल्म 'शोले' को 41 साल पूरे हो गए। इन चार दशकों में बॉलीवुड ने बॉक्स ऑफिस पर काफी 'शोले' भड़काने की कोशिशें की लेकिन सारी कोशिशें नाकाम ही साबित होती रही हैं। यहां तक कि खुद रमेश सिप्पी 'शोले' को दोहरा नहीं पाए और 'शान', 'शक्ति' और 'अकेला' जैसी फिल्मों से अपनी नाकामी का ग्राफ बढ़ाते रहे। शोले का खुमार बॉलीवुड पर इस कदर छाया रहा कि फिल्मकार शोले की कहानी कई बार अलग-अलग अंदाज से दोहराते रहे।

यहां तक कि फिल्म के किरदार, डायलॉग और फिल्म के गाने के मुखड़ों पर भी फिल्में बनाकर शोले को भुनाने की कोशिश करते रहे और यह सिलसिला आज भी जारी है। आइए नजर डालते हैं उन फिल्मों पर जिसमें शोले को चिंगारी से भड़काने की कोशिश की गई।
विज्ञापन

'शोले' की चिंगारी तलाश रहा है बॉलीवुड...

2 of 8
'आंधी-तूफान' (1985)
निर्माता पहलाज निहलानी और निर्देशक बी सुभाष ने शशि कपूर, हेमा मालिनी, शत्रुघ्न सिन्हा, मिथुन चक्रवर्ती और मीनाक्षी शेषाद्रि को लेकर एक और शोले बनाने की कोशिश में 'आंधी-तूफान' बनाई लेकिन यह फिल्म दर्शकों को रिझाने में फिसड्डी साबित हुई।
विज्ञापन

'शोले' की चिंगारी तलाश रहा है बॉलीवुड...

3 of 8
'कर्मा' (1986)
सुभाष घई की दिलीप कुमार, अनिल कपूर, श्रीदेवी और नूतन स्टारर फिल्म 'कर्मा', 'शोले' के 11 साल बाद रिलीज हुई। इसकी कहानी का मूल रूप शोले से प्रभावित था जिसे पूरी तरह नए अंदाज से बनाया गया था। सुभाष घई की यह कोशिश कामयाब तो रही लेकिन इसे शोले के समकक्ष जगह नहीं मिल पाई।

'शोले' की चिंगारी तलाश रहा है बॉलीवुड...

4 of 8
'सूरमा भोपाली' (1988)
अभिनेता जगदीप पर शोले का बुखार कुछ ऐसा चढ़ा कि वो कभी सूरमा भोपाली के अपने किरदार से बाहर ही नहीं निकल पाए। शोले की रिलीज के लगभग 13 साल बाद 1988 में उन्होंने अमिताभ बच्चन, रेखा और धर्मेंद्र जैसे बड़े सितारों के सहारे खुद को सूरमा भोपाली के रूप में मनवाने की कोशिश की लेकिन बॉक्स ऑफिस पर दर्शकों ने ऐसा सूरमा चुराया कि इस भोपाली ने फिर कभी फिल्म बनाने की हिम्मत ही नहीं की।
 
विज्ञापन

'शोले' की चिंगारी तलाश रहा है बॉलीवुड...

5 of 8
'रामगढ़ के शोले' (1991)
शोले की रिलीज के 15 साल बाद निर्देशक अजित दीवानी ने शोले के असली गब्बर अमजद खान और राजेंद्र सहित कुछ और सितारों के हमशक्लों को लेकर शोले पर आधारित 2 घंटे की एक फिल्म बना दी। रामगढ़ की इस शोले ने लोगों को हंसाया जरूर लेकिन निर्देशक के मंसूबों पर पानी फिर गया क्योंकि कोई गब्बर को इस रूप में झेलने को तैयार नहीं हुआ।
विज्ञापन

'शोले' की चिंगारी तलाश रहा है बॉलीवुड...

6 of 8
'चाइना गेट' (1998)
निर्देशक राजकुमार संतोषी ने 23 साल बाद शोले की मूल कहानी पर ओम पूरी, अमरीश पूरी, नसीरुद्दीन शाह और कुलभूषण खरबंदा जैसे मंझे हुए कलाकारों के साथ फिल्म 'चाइना गेट' बनाई। इस फिल्म से मुकेश तिवारी जैसे अभिनेता को जगीरा के किरदार में लोगों ने खूब पहचाना। फिल्म सफल तो नहीं हुई बल्कि सेवन समुराई की भद्दी नकल के रूप में संतोषी के करियर पर एक दाग लगा गई।
विज्ञापन

'शोले' की चिंगारी तलाश रहा है बॉलीवुड...

7 of 8
'मेला' (2000)
आमिर खान, फैसल खान और ट्विंकल खन्ना स्टारर फिल्म 'मेला' की कहानी 'शोले' से ही प्रेरित थी। 13.5 करोड़ रुपये में बनी 'मेला' ने दोगुनी कमाई की थी। फिल्म का निर्देशन धर्मेश दर्शन ने किया था।
 
विज्ञापन

'शोले' की चिंगारी तलाश रहा है बॉलीवुड...

8 of 8
राम गोपाल वर्मा की 'आग' (2007)
भूत और अंडरवर्ल्ड दुनिया की फिल्में बनाने वाले राम गोपाल वर्मा ने 2007 में शोले की कहानी को अपने एक ड्रीम प्रोजेक्ट के रूप में पेश किया। इसमें अमिताभ बच्चन, अजय देवगन, मोहन लाल और सुष्मिता सेन जैसे बड़े-बड़े कलाकारों के सहारे शोले के नॉस्टेल्जिया को रीक्रिएट करने का नाम दिया गया, लेकिन राम गोपाल वर्मा अपनी लगाई इस 'आग' की चपेट में आ गए और बॉलीवुड में उनका सारा पुराना करिश्मा स्वाहा हो गया।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें