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अमिताभ के साथ फिल्में क्यों नहीं करते राकेश रोशन, हर फिल्म का नाम 'K' से क्यों होता था शुरू?

Fri, 06 Sep 2019 06:39 PM IST
Mishra Mishra एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
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Rakesh Roshan - फोटो : Social Media
दिग्गज डायरेक्टर, एक्टर, निर्माता, लेखक और संगीतकार राकेश रोशन का जन्म 6 सितंबर 1949 को मुंबई में हुआ था। इतनी सारी खूबियां होने के बाद भी राकेश रोशन कभी एक सफल एक्टर नहीं बन पाए। राकेश रोशन ने फिल्मी करियर की शुरुआत 1970 की फिल्म 'घर घर की कहानी' से की थी। लेकिन क्या आप जानते हैं राकेश रोशन कभी अमिताभ बच्चन के साथ काम क्यों नहीं करते?
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amitabh bachchan - फोटो : social media
इसके पीछे एक बड़ा वाक्या है। एक इंटरव्यू में राकेश रोशन ने बताया था कि फिल्म किंग अंकल में वो अमिताभ बच्चन के साथ काम करने वाले थे। 'किंग अंकल' उन्हीं के लिए लिखी गई थी। अमिताभ ने इस फिल्म के हामी भर दी थी। पूरा स्क्रीन प्ले उनके लिए तैयार कर लिया गया था। मगर ऐन वक्त पर अमिताभ कुछ निजी समस्याओं से घिर गए। फिर उन्होंने तीन-चार साल ब्रेक लेने का तय किया। तब से राकेश ने भी उनके साथ कोई फिल्म साइन नहीं की। लेकिन ऐसा नहीं कि अमिताभ और राकेश रोशन के बीच मनमुटाव है। वो आज भी एक दूसरे का सम्मान करते हैं।
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Rajesh Roshan and Rakesh Roshan - फोटो : file photo
राकेश रोशन की ज्यादातर फिल्मों का नाम 'K' शुरू होता है। इसके पीछे भी एक रोचक वाक्या है। दरअसल साल 1982 में उन्होंने 'कामचोर' बनाई थी। जो सुपर डुपर हिट हुई थी। इसके बाद उन्होंने 1984 में फिल्म 'जाग उठा इंसान' बनाई। जो बॉक्स ऑफिस पर बुरी तरह फ्लॉप हुई। इसके बाद 1986 में राकेश ने भगवान दादा बनाई। ये फिल्म राकेश के ससुर जे ओम प्रकाश के डायरेक्शन में बनी। फिल्म में मुख्य किरदार रजनीकांत ने निभाया था। खास बात ये है कि भगवान दादा ऋतिक रोशन की भी पहली फिल्म थी। 

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rakesh roshan
उन्होंने इस फिल्म में चाइल्ड आर्टिस्ट का रोल प्ले किया था। जब पिक्चर लॉन्च हुई तो राकेश के फैन्स ने उन्हें कई खत भेजे। इसमें लोगों ने उन्हें सुझाव दिया था कि वो फिल्म का नाम 'K' अक्षर से रखें। इसमें 'कामचोर' का उदाहरण भी दिया गया। लेकिन राकेश ने लोगों के सुझाव पर ध्यान नहीं दिया। उन्होंने इसी नाम से फिल्म रिलीज कर दी। बदकिस्मती से यह फिल्म भी फ्लॉप हो गई। इस नाकामयाबी के बाद राकेश ने लोगों के सुझाव पर ध्यान दिया और 1987 में फिल्म खुदगर्ज बनाई। 
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rakesh roshan - फोटो : twitter
इसका नाम अंग्रेजी के K अक्षर से ही शुरू होता है। अब ये इत्तेफाक था या कुछ और, फिल्म ने बंपर कमाई की। इसके बाद से राकेश रोशन ने के अक्षर का साथ कभी नहीं छोड़ा। उन्होंने लगातार कई फिल्मों के नाम K अक्षर से ही रखे।  इसके बाद ये सिलसिला शुरू हुआ और तब से अभी तक चल रहा है।
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