r madhavan
गौरतलब है कि वर्ष 1994 में नांबी नारायणन इसरो में पीएसएलवी रॉकेट, भूस्थिर उपग्रह प्रक्षेपण यान के विकास और अंतरिक्ष अभियानों के लिए क्रायोजनिक इंजन बनाने के शुरुआती चरण से जुड़े हुए थे। वह क्रायोजनिक इंजन परियोजना के निदेशक के तौर पर तैनात थे। इसी दौरान उन पर मालदीव की दो महिलाओं सहित चार लोगों को कथित तौर पर रक्षा से जुड़े गोपनीय दस्तावेज लीक करने का आरोप लगा था। इस आरोप में उन्हें, उपनिदेशक डी. शशिकुमारन और रूस की अंतरिक्ष एजेंसी के भारतीय प्रतिनिधि के. चंद्रशेखर के साथ गिरफ्तार कर लिया गया था।