Nandita Das
- फोटो : Social Media
इसमें कहा गया है, ‘हम इस बात से अवगत हैं कि हम हमेशा उस वादे पर खरे नहीं उतरे हैं, और हममें से कई लोग अक्सर अन्याय को लेकर चुप रहते हैं। वक्त का तकाजा है कि हम सब अपने सिद्धांत के लिए खड़े हों।’ बयान पर हस्ताक्षर करने वालों में लेखिका अनीता देसाई, किरण देसाई, अभिनेत्री रत्ना पाठक शाह, जावेद जाफरी, नंदिता दास, लिलेट दुबे, समाजशास्त्री आशीष नंदी, कार्यकर्ता सोहेल हाशमी और शबनम हाशमी शामिल हैं।