फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Lord Curzon Ki Haveli: अंशुमन झा ने सिंगल लेंस से शूट की पूरी फिल्म, समझिए इस तकनीक के क्या हैं असल मायने

Wed, 19 Apr 2023 11:44 AM IST
निधि पाल अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
विज्ञापन
1 of 6
लॉर्ड कर्जन की हवेली - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
सिनेमा एक ऐसा करिश्माई एहसास है जिसमें देखने वाला काल्पनिक कहानियों को सच्ची जैसी बात मानकर उन पर दो या तीन घंटे यकीन करता है और उस काल्पनिक दुनिया में खो जाता है। फिल्मों की शूटिंग की तकनीकी बातें हम अपने लेखों के जरिये समय समय पर बताते भी रहते हैं। इस बार बात अभिनेता अंशुमन झा की बतौर निर्देशक बनी रही फिल्म 'लॉर्ड कर्जन की हवेली' की शूटिंग की। इस शूटिंग में अंशुमन ने कैमरे में सिर्फ एक ही लेंस का इस्तेमाल किया है। ऐसा करना मौजूदा दौर में क्यों खास बन गया है, आइए समझने की कोशिश करते हैं।
Trending Videos
विज्ञापन

2 of 6
लॉर्ड कर्जन की हवेली - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
किसी भी फिल्म में मोटे तौर पर तीन तरह के सीन शूट किए जाते हैं। लॉन्ग शॉट जिसमें किरदार अपने कहानी के लिए तय किए गए वातावरण के साथ नजर आता है, इसमें उद्देश्य कहानी को वातावरण के साथ साम्य स्थापित होता है। दूसरा है मिड शॉट जिसमें कलाकार और वातावरण दोनों तो दिखते हैं लेकिन कैमरे का केंद्र बिंदु कलाकार ही होता है। और तीसरा शॉट क्लोज अप जिसमे कैमरा पूरी तरह कलाकार के चेहरे पर फोकस होता है उसके अभिनय के दौरान चेहरे पर आने वाले भाव पकड़ने के लिए। इन तीनों तरह के या इनके बीच के शॉट लेने के सिनेमैटोग्राफर आमतौर पर अलग अलग लेंस इस्तेमाल करते हैं।

इसे भी पढ़ें- Bollywood Stars: कमबैक को तैयार हैं लंबे वक्त से गुमनाम ये सितारे, क्या इस बार चला पाएंगे जादू?
विज्ञापन

3 of 6
लॉर्ड कर्जन की हवेली - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

अंशुमन झा ने अपनी फिल्म 'लॉर्ड कर्जन की हवेली' को सिर्फ एक लेंस से शूट किया है जिसकी फोकल लेंथ 35 एमएम है। यानी कि बिना कैमरा का लेंस बदले पूरी फिल्म की शूटिंग उन्होंने एक ही लेंस से की है। इस तकनीक में क्लोज शॉट के लिए ट्रॉली पर रखे कैमरे को ही जरूरत के हिसाब से आगे पीछे किया जाता है। अल्फ्रेड हिचकॉक की फिल्म 'साइको' और अकीरा कुरोसावा की फिल्म 'रशमोर' की शूटिंग में इस तकनीक का इस्तेमाल हो चुका है।

4 of 6
अंशुमान झा, रिद्धि डोगरा, परेश पाहूजा - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

फिल्म 'लॉर्ड कर्जन की हवेली' एक हॉरर फिल्म है। अंशुमन झा कहते हैं, 'जब मेरे पास लेंस के विकल्प थे, तो मैंने सिंगल लेंस को चुना, क्योंकि मैं चाहता हूं कि फिल्म न केवल देखी जाए बल्कि आखिरी प्रोडक्ट को महसूस किया जाए। सिंगल लेंस फिल्म में अवचेतन देखने का प्रभाव होता है। फिल्म 'लॉर्ड कर्जन की हवेली' मेरे पसंदीदा फिल्म निर्माता अल्फ्रेड हिचकॉक और उनकी क्लासिक फिल्म 'द रोप' के लिए एक समकालीन श्रद्धांजलि है।'

विज्ञापन

5 of 6
लकड़बग्घा में अंशुमन झा - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

अभिनेता से निर्देशक बने अंशुमन झा ने फिल्म 'लॉर्ड कर्जन की हवेली' में अभिनय नहीं किया है। इस फिल्म में अर्जुन माथुर, रसिका दुग्गल , परेश पाहूजा, तन्मय धननिया के अलावा हॉलीवुड एक्टर गैरिक हैगन और  मार्वल गर्ल जोहा रहमान की मुख्य भूमिकाएं हैं। अंशुमन झा कहते हैं, 'जब फिल्म के लेखक विशाल मिश्रा ने मुझे कहानी सुनाई तो कहानी सुनते ही मैंने सोच लिया था कि इस फिल्म को 35 एमएम सिंगल लेंस से शूट करना है।' 

विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
अंशुमान झा - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

फिल्म 'लव सेक्स और धोखा', 'बॉयज तो बॉयज हैं', 'फगली', 'मोना डार्लिंग जैसी कई फिल्में कर चुके अंशुमन झा ने वेब सीरीज 'मस्तराम' में भी अभिनय किया है। इंसानों और जानवरों के रिश्तों पर बनी उनकी फिल्म 'लकड़बग्घा' इस साल जनवरी में रिलीज हुई थी। इस फिल्म के निर्माता भी अंशुमन झा खुद ही थे। फिल्म 'लॉर्ड कर्जन की हवेली' के बारे में अंशुमन झा कहते हैं, 'दर्शक जब फिल्म देखेंगे तो उन्हें एक अलग अनुभव रहेगा। यह फिल्म इसी साल के अंत तक रिलीज होगी।'

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें