फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अपनी ये एक WISH पूरी नहीं कर पा रहे कैलाश खैर, भगवान शिव के धाम में करना चाहते हैं ये काम

Thu, 26 Apr 2018 04:36 PM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
1 of 5
कैलाश खेर
सूफी गायक कैलाश खैर भगवान शिव के धाम में यह एक काम करना चाहते हैं। लेकिन उनकी ये इच्छा पूरी नहीं हो पा रही है।
Trending Videos
विज्ञापन

2 of 5
kedarnath
शिव भजन कैलाश खेर के लिए दिल की गहराइयों से जुड़ा मसला है। इसलिए ‘पदमासन में ध्यान लगाए मौन है, वीराने में तपता योगी कौन है’ जैसे सीधे बाबा केदारनाथ से जुडे़ भजन को जब वे गाते हैं, तो बेहद तन्मय दिखते हैं। मशहूर सूफी गायक कैलाश खेर की ये ही तमन्ना है कि अब उनका ‘बाबा केदारनाथ’ प्रोजेक्ट देर किए बगैर देश-दुनिया के सामने आ जाए।
विज्ञापन

3 of 5
kedarnath
तीन साल इस प्रोजेक्ट में खप गए हैं, जबकि इसके प्रोमो ने ही काफी पहले धूम मचा दी थी। बकौल खेर, केदारनाथ धाम के प्रमोशन के लिए लेजर शो जैसे कार्यक्रमों के साथ ही बाबा केदारनाथ प्रोजेक्ट की लांचिंग का रास्ता निकल आए, तो सोने पे सुहागा हो जाएगा। हरीश रावत सरकार के जमाने से शुरू हुए कैलाश खेर के प्रोजेक्ट को अब बस लांच ही होना है। हालांकि, डेढ़ करोड़ का भुगतान कैलाश खेर को सरकार की ओर से होना शेष है, लेकिन वह 12 एपीसोड वाले ‘बाबा केदारनाथ’ प्रोजेक्ट को उत्तराखंड के सुपुर्द कर चुके हैं।
 

4 of 5
कैलाश खेर - फोटो : self
कैलाश खेर की किसी से कोई शिकायत नहीं है। हालांकि, इस पूरे प्रोजेक्ट को लेकर बीच-बीच में कई तरह की बातें सामने आई हैं। खेर के मुताबिक, उन्होंने दिल से इस प्रोजेक्ट पर काम किया है। सरकार जिस तरह से केदारनाथ धाम के प्रमोशन में जुटी है, उन स्थितियों के बीच, यह उपयुक्त समय ह कि बाबा केदारनाथ की लांचिंग कर दी जाए। वह दावा करते हैं कि संगीतमय प्रस्तुति बाबा केदारनाथ के सामने आने के बाद केदारपुरी आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या कई गुना बढ़ जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
Kailash Kher
दरअसल, त्रिवेंद्र सरकार भी इस प्रोजेक्ट को लांच करना चाहती है, लेकिन हिचक इस बात की है कि यह प्रोजेक्ट हरीश रावत सरकार की पहल है। हालांकि, कैलाश खेर को इस बात से कोई लेना-देना नहीं है। खेर कहते हैं कि हमें जो गाइडलाइन दी गई थी, हमने उसके अनुसार काम किया है। इससे ज्यादा हम कुछ नहीं जानते। बस, ये ही चाहते हैं कि यह प्रोजेक्ट चार धाम यात्रा के दौरान लांच हो जाए। इन स्थितियों के बीच, जब सरकार के प्रवक्ता कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक से इस बारे में बात की गई, तो उन्होंने कहा कि इस पूरे प्रकरण को दिखवाया जाएगा। इसके बाद ही कदम आगे बढ़ाना संभव होगा।


 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें