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Fact Check: फेक निकला कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन का पोस्टर, जानिए इसकी सच्चाई

Sat, 04 Dec 2021 11:39 AM IST
अपूर्वा राय एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
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Omicron - फोटो : सोशल मीडिया
दुनिया भर में कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन के आने के बाद दहशत का माहौल है। यह नया वैरिएंट भारत समेत कुल 31 देशों में पाया गया है। बावजूद इसके कुछ सोशल मीडिया पर शरारती तत्व फेक न्यू फैलाने से बाज नहीं आ रहे। सोशल मीडिया पर कुछ फिल्मों के पोस्टर वायरल हो रहे हैं। इन पोस्टर का टाइटल है ‘द ओमिक्रोन वैरिएंट’ और टैगलाइन में लिखा है – ‘वो दिन जब पृथ्वी बन गई श्मशान'। इन पोस्टर्स को वायरल कर यह दावा किया जा रहा है कि ओमिक्रॉन वेरिएंट की भविष्यवाणी पहले ही की जा चुकी थी।
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फिल्म ओमिक्रॉन - फोटो : सोशल मीडिया
हालांकि अधिक जानकारी लेने के बाद बेकी चीटल का एक ट्वीट मिला। ये 1 दिसंबर 2021 को किया गया था। उसमें साफ बताया गया था कि फोटोशॉप के जरिए पोस्टर को बनाया गया है। पोस्ट में कहा गया कि उनके मजाक को गंभीरता से न लें। फिल्म के पोस्टर में SUCESOS EN LA IV FASE लिखा गया है न कि द ओमिक्रॉन वैरिएंट। 
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फिल्म ओमिक्रॉन - फोटो : सोशल मीडिया
मशहूर फिल्म मेकर राम गोपाल वर्मा ने भी अपने ट्विटर अकाउंट पर इस फेक फिल्म का पोस्टर शेयर करते हुए लिखा था,  यकीन मानिए या बेहोश हो जाइए... यह फिल्म 1963 में आई थी, जरा टैग लाइन चेक कीजिए। वहीं, आनंद महिंद्रा ने भी इसका एक पोस्टर शेयर था।
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फिल्म ओमिक्रॉन - फोटो : सोशल मीडिया
स्पेनिश फिल्म के असली पोस्टर को देखने पर पता चलता है कि वायरल हो रहा पोस्टर एडिटेड यानी फेक है। असली फिल्म रेगिस्तानी चींटियों में अचानक पैदा हुए इंटेलिजेंस के बारे में थी। इस वजह ये चींटियां एकजुट होकर इंसानों पर हमला कर देती हैं। वायरल तस्वीर की पड़ताल करने पर पता चला कि ओमीक्रोन नाम से कोई फिल्म नहीं बनी है।
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