इमरान हाशमी
- फोटो : Social Media
बलविंदर ने इस फिल्म की कहानी लिखी है और उन्होंने यह कहानी इमरान हाशमी को लॉकडाउन के दौरान ही सुनाई थी। कहानी सुनने के साथ ही इमरान को विचार पसंद आया और उन्होंने तुरंत हां भी कर दी। इस फिल्म के बारे में इमरान बताते हैं कि यह कहानी हास्यास्पद तो है, साथ ही एक आम आदमी की संवेदनाओं को भी व्यक्त करती है। यह कहानी बताती है कि कोई भी आम आदमी अपनी इच्छाओं को पूरी करने के लिए किस हद तक जा सकता है?