रानी मुखर्जी
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इस फिल्म का जिक्र चलने पर रानी बताती हैं, “मेरे पिता जी का निधन लगभग उसी समय हुआ था जब मैं ‘हिचकी’ की शूटिंग कर रही थी। मेरे माता-पिता मेरे करियर का अभिन्न एवं अटूट हिस्सा रहे हैं और मेरी फिल्में सबसे पहले वही देखा करते थे। यह ऐसी पहली फिल्म थी, जिसमें मेरा परफॉर्मेंस देखने के लिए मेरे पिता इस दुनिया में मौजूद नहीं थे।“वह आगे कहती हैं, “फिल्म ‘हिचकी’ के आखिरी सीन में, जहां मैं सेंट नॉटकर्स स्कूल की प्रिंसिपल के तौर पर रिटायर हो रही हूं, मैंने अपने पिता जी की वाकिंग स्टिक का इस्तेमाल किया था। यह मेरे लिए बेहद खास क्षण था लेकिन यह एक उदास और दुखी करने वाला अहसास भी था। फिल्म में पिता जी को अपने साथ रखने का यह मेरा अपना तरीका था। इसलिए वह सीन मेरी यादों में अमर रहेगा।“