Bollywood Actress: बॉलीवुड की एक मशहूर अभिनेत्री ने 2000 के दशक में इंडस्ट्री में खूब नाम कमाया। इसके बाद उन्होंने फिल्मों से दूरी बना ली। आइए जानते हैं वह कौन हैं और अब क्या करती हैं?
2000 के दशक में बॉलीवुड में एक अभिनेत्री बहुत मशहूर हुईं, जो अपने शानदार लुक और स्क्रीन प्रेजेंस की वजह से इंडस्ट्री पर राज करने लगीं। उस समय जब कमर्शियल सिनेमा चल रहा था तब यह अभिनेत्री मेनस्ट्रीम सिनेमा में एक जाना-पहचाना चेहरा बन गईं। उन्होंने आमिर खान के साथ एक टेलीविजन कमर्शियल में भी काम किया और सलमान खान के साथ स्क्रीन शेयर की।
विज्ञापन
2 of 6
रिमी सेन
- फोटो : इंस्टाग्राम@subhamitra03
'हंगामा' से मिली पहचान
यह अभिनेत्री कोई और नहीं बल्कि रिमी सेन हैं। रिमी को प्रियदर्शन की हिट फिल्म 'हंगामा' (2003) से पहचान मिली। फिल्म को बेहतरीन कास्ट और कॉमेडी के लिए खूब सराहा गया। इस फिल्म के बाद रिमी को कई बड़े प्रोजेक्ट्स में काम करने का मौका मिला।
विज्ञापन
3 of 6
रिमी सेन
- फोटो : इंस्टाग्राम@subhamitra03
'फिर हेरा फेरी' से जगह मजबूत की
रिमी सेन को सबसे ज्यादा शोहरत 'धूम' (2004) में काम करने के बाद मिली। यह फिल्म ब्लॉकबस्टर बनी। उन्होंने इस फिल्म में जॉन अब्राहम के साथ फीमेल लीड रोल निभाया। रिमी सेन ने कॉमेडी 'हेरा फेरी' के सीक्वल 'फिर हेरा फेरी' (2006) से बॉलीवुड में अपनी जगह और मजबूत की। इसमें अक्षय कुमार, सुनील शेट्टी और परेश रावल भी थे।
बड़े कलाकारों के साथ किया काम
इसके बाद रिमी सेन कई बॉक्स-ऑफिस हिट फिल्मों का हिस्सा रहीं, जिनमें 'गोलमाल: फन अनलिमिटेड' (2006) भी शामिल है। वह अजय देवगन, अक्षय कुमार, जॉन अब्राहम और शाहिद कपूर जैसे सितारों के साथ भी नजर आईं। वह 'बागबान' और 'क्योंकि' जैसी फिल्मों का भी हिस्सा थीं।
विज्ञापन
5 of 6
रिमी सेन
- फोटो : इंस्टाग्राम@subhamitra03
अब क्या करती हैं रिमी सेन?
सफलता मिलने के बावजूद, रिमी सेन ने धीरे-धीरे फिल्मों में काम करना कम कर दिया। समय के साथ, वह एक्टिंग से दूर हो गईं। अपने समय की कई दूसरी एक्ट्रेस के उलट, उन्होंने वापसी की कोशिश नहीं की। आखिर में वह दुबई चली गईं। यहां उन्होंने एक अलग कारोबार करना शुरू किया। अब वह रियल एस्टेट सेक्टर से जुड़ी हैं और रियल एस्टेट एजेंट के तौर पर काम कर रही हैं।
दुबई के बारे में क्या बोलीं रिमी?
हाल ही में, रिमी ने दुबई के बारे में बात करते हुए बिल्डकैप्स रियल एस्टेट एलएलसी को बताया, 'दुबई बहुत मेहमाननवाज है। यहां की 95% आबादी विदेशियों की है, बाकी यहीं के हैं। दुबई ने सभी का गर्मजोशी से स्वागत किया है, यहां मस्जिदें हैं, मंदिर भी हैं। वे सभी के बारे में सोचते हैं। उनका फोकस इस बात पर है कि लोगों की जिंदगी को कैसे बेहतर, आसान और आरामदायक बनाया जाए।'