केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल 'निशंक' ने सोमवार को राज्यसभा में केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय विधेयक, 2019 पेश किया। यह विधेयक लोकसभा में पिछले साल 11 दिसंबर को पास हुआ था। इस विधेयक का मकसद भारत की तीन डीम्ड यूनिवर्सिटी को केंद्रीय संस्कृत यूनिवर्सिटी में तब्दील करना है। अगर यह बिल राज्यसभा में पास हो जाता है तो, दिल्ली की दो और त्रिपुरा की एक डीम्ड यूनिवर्सिटी, केंद्रीय संस्कृत यूनिवर्सिटी बन जाएंगी। ये तीनों यूनिवर्सिटी- राष्ट्रीय संस्कृत संस्थान (नई दिल्ली), श्री लाल बहादुर शास्त्री राष्ट्रीय संस्कृत विद्यापीठ (नई दिल्ली ) और राष्ट्रीय संस्कृत विद्यापीठ ( तिरुपति) हैं।