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प्रो यूआर राव : भारत के पहले सैटेलाइट को लॉन्च करने वाले वैज्ञानिक को गूगल ने समर्पित किया डूडल

Wed, 10 Mar 2021 03:48 PM IST
वर्तिका तोलानी एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
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Udupi ramachandra rao - फोटो : सोशल मीडिया
गूगल ने अपना डूडल भारतीय वैज्ञानिक प्रोफेसर उडुपी रामचंद्र राव को समर्पित किया है। आज भारत के सैटेलाइट मैन का 89वां जन्मदिन है। प्रोफेसर राव का जन्म 10 मार्च 1932 को कर्नाटक राज्य के उडुपी जिले के अडामारू इलाके में हुआ था। प्रोफेसर राव, भारत के पहले अंतरिक्ष वैज्ञानिक और भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के अध्यक्ष थे।
 
प्रोफेसर राव ने अपने करियर की शुरुआत कॉस्मिक-रे फिजिसिस्ट और डॉ विक्रम साराभाई के असिस्टेंट के रूप की थी। डॉक्टरेट पूरा करने के पश्चात वे अमेरिका चले गए। वहां उन्होंने नासा के पायनियर व एक्सप्लोरर स्पेस प्रोब पर प्रयोग किया और कुछ समय बतौर प्रोफेसर कार्य किया। किंतु सन 1966 में वे भारत लौट आए और 1975 में उन्होंने अपने पहले उपग्रह ‘आर्यभट्ट’ का  अंतरिक्ष में सफल प्रक्षेपण किया। इस दौरान उन्होंने संचार और मौसम संबंधी सेवाओं में सुधार के लिए 20 से अधिक सैटेलाइट्स का विकास भी किया था।
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Udupi Ramachandra Rao - फोटो : सोशल मीडिया
1976 में प्रोफेसर राव को देश के तीसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म भूषण दिया गया। 2013 में इसरो के अध्यक्ष प्रोफेसर राव, ‘सैटेलाइट हॉल ऑफ फेम’ में शामिल होने वाले पहले भारतीय बन गए। वहीं 2017 में अंतरिक्ष विज्ञान में प्रोफेसर राव के योगदान के लिए भारत सरकार ने उन्हें देश के दूसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म विभूषण से सम्मानित किया था।
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Udupi ramachandra rao - फोटो : सोशल मीडिया
प्रोफेसर राव ने पोलर सैटेलाइट लॉन्च व्हीकल (पीएसएलवी) को विकसित किया था। बता दें यह भारत का तृतीय पीढ़ी का प्रमोचक राकेट है जो द्रव चरणों से सुसज्जित है। अक्टूबर 1994 में इसके प्रथम सफल प्रमोचन के पश्चात, जून 2017 तक लगातार 39 सफल मिशनों के साथ पी.एस.एल.वी. भारत के विश्वस्त एवं बहुमुखी विश्वसनीय प्रमोचक राॅकेट के रूप में उभर कर आया है। वर्ष 1994-2017 की अवधि के दौरान, इसरो ने रॉकेट के जरिए 48 भारतीय उपग्रहों एवं विदेशी ग्राहकों के लिए 209 उपग्रहों को लॉन्च किया है। 

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