फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

क्या है पेटीएम का पूरा प्रकरण, 85 लाख रुपए सैलरी लेने वाली सोनिया का ही नाम क्यों उछला

Wed, 24 Oct 2018 11:53 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नोएडा
विज्ञापन
1 of 7
sonia dhawan - फोटो : ट्विटर
पेटीएम के सीईओ विजय शेखर शर्मा की सेक्रेटरी सोनिया धवन पर शर्मा से 20 करोड़ की रंगदारी मांगने का आरोप लगा है, जिसके बाद वह सुर्खियों में आ गई है। लेकिन इससे पहले भी उसका करियर ऐसा रहा है जिससे किसी को भी जलन हो सकती है। अपने छोटे से करियर में कैसे सोनिया ने सफलता के मुकाम हासिल किए और पेटीएम जैसी महारथी कंपनी में नंबर दो की पोजिशन हासिल की, जानने के लिए पढ़ें पूरी स्टोरी...
विज्ञापन

2 of 7
sonia dhawan - फोटो : ट्विटर
फिलहाल सोनिया पेटीएम की वाइस प्रेसीडेंट, कॉरपोरेशन्स/पीआर थी और कंपनी में अपने करियर की शुरुआत विजय शेखर शर्मा की सेक्रेटरी के तौर पर की थी। सोनिया की लिंक्डइन प्रोफाइल के मुताबिक उसने पेटीएम 2010 में ज्वाइन किया था। इससे पहले वह टाइम्स इंटरनेट एंड केयर्न इंडिया में बिजनेस ऑपरेशन मैनेजर और कॉर्पोरेट अफसर के रूप में कार्य कर चुकी है।
विज्ञापन

3 of 7
paytm - फोटो : अमर उजाला
सोनिया के पास नवंबर 2017 तक पेटीएम के 1400 शेयर थे। पुलिस के अनुसार सोनिया की सालाना आय 85 लाख रुपए है।  उसके सोशल मीडिया पेज पेटीएम की सफलता की कहानियों से पटे पड़े हैं। गिरफ्तार होने के बाद सोनिया ने कहा कि यह विजय शेखर की साजिश है और वह निर्दोष है। वहीं पुलिस जांच के दौरान पता चला है कि सोनिया ने 20 करोड़ की रंगदारी मांगने की साजिश तब रची जब विजय शेखर ने मकान खरीदने के लिए उसके द्वारा मांगें गए 4 करोड़ की रकम की बात को अनसुना कर दिया।

4 of 7
sonia dhawan - फोटो : ट्विटर
हालांकि सोनिया में पैसा कमाने की ललक थी और वह कुछ ऐसा काम करना चाहती थी जिससे लोग उसे याद करें। दरअसल, सेक्रेटरी सोनिया का पति रूपक जैन कमाने के मामले में फेल था और कुछ खास नहीं कर पा रहा था। घर के खर्चे और फैशन आदि पर भी सोनिया के द्वारा ही कमाए पैसे पर ही मौज करता था। कई बार सोनिया ने एडवांस भी रुपये लिए थे और उस समय पति के द्वारा रुपये खर्च करने की बात कही थी।
विज्ञापन

5 of 7
sonia dhawan - फोटो : ट्विटर
कंपनी के सूत्रों का दावा है कि सोनिया और उसके पति के बहुत ही अनाप-शनाप खर्चे थे और इस कारण वह तनाव में आ जाती थी। कर्मचारी होने के नाते कई बार समझाया गया था। सोनिया पति के साथ प्रतीक लोरियल सोसायटी में रहती थी। जबकि एडमिन देवेंद्र शाहदरा गांव में किराए पर रहता था। सोनिया ने पूरी जानकारी एकत्र तो कर ली लेकिन बिना देवेंद्र के वह वारदात को अंजाम देने में अपने आप को कमजोर महसूस कर रही थी। इसलिए देवेंद्र को अपने जाल में शामिल करते हुए कहा कि कब तक यह नौकरी करते रहोगे। क्यों न ऐसी योजना बनाए कि वह भी पेटीएम की तरह ही कोई कंपनी चालू कर दें। जिससे वह भी पेटीएम के मालिकों की तरह बन सकें।
विज्ञापन

6 of 7
sonia dhawan - फोटो : ट्विटर
सोनिया और उसके पति रूपक जैन ने उसको समझाया तो वह भी लालच में आ गया। देवेंद्र ने ही अपने एक पुराने मित्र को इस वारदात में शामिल किया। उसे केवल इतना कहा कि वह केवल रंगदारी मांगे और रुपये को अपने अकाउंट में डलवाए। अकाउंट भी किसी फर्जी आईडी से खुलवाने की बात सामने आ रही है। हालांकि इसके एवज में रोहित चोमल को रंगदारी मांगने और खाते में डलवाने के एवज में 20 फीसदी तक कमीशन देने का वादा किया गया था। इसलिए वह भी इनके साथ हो गया। पुलिस सूत्रों की माने तो सोनिया और रूपक ने रोहित चोमल को सुझाव दिया था कि वह किसी दूसरे शहर या देश के नंबर से व्हाटसऐप के माध्यम से रंगदारी के लिए कॉल करें।
विज्ञापन
विज्ञापन

7 of 7
sonia dhawan - फोटो : ट्विटर
उधर, रंगदारी की कॉल के बारे में शेखर बंधुओं द्वारा जब चर्चा की जाती थी तो सोनिया बडे़ गंभीर होकर इस पर उनके साथ बातें करती और एक से एक तरह के सुझाव देती। कई बार सोनिया ने कहा था कि वह बदमाशों को रुपये भेज दें अगर उन्होंने रुपये नहीं भेजे तो उनके ग्राहकों का विश्वास भी टूट जाएगा। जिससे बिजनेस में काफी नुकसान हो सकता है। कई बार सोनिया की इस तरह की बातों को देखकर कंपनी मालिकों को उस पर अधिक विश्वास हो जाता था। मगर सोनिया इधर से हुई बातों को देवेंद्र, रूपक और रोहित से चर्चा करके फिर से कॉल कराती और दबाव में लेती थी। सूत्रों की माने तो सोनिया ने पहली बार 67 रुपये डलवाए थे और फिर 2 लाख रुपये भी उसी की मौजूदगी में डाले गए थे।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें