फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

6 साल बाद कहां है निर्भया कांड का छठा गुनहगार, कैसे बिता रहा है जिंदगी

Mon, 09 Jul 2018 05:15 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 7
nirbhaya juvenile - फोटो : अमर उजाला
देश के हर तबके को झकझोर कर रख देने वाले निर्भया गैंगरेप में आज सुप्रीम कोर्ट ने दोषियों की फांसी की सजा बरकरार रखी है। 6 साल पहले जिस मनहूस रात में यह गैंगरेप हुआ था उस समय छह आरोपियों में से एक नाबालिग था। हालांकि वह कुछ ही महीनों बाद 18 साल का होने वाला था लेकिन कोर्ट ने मौजूदा कानून के आधार पर उसे नाबालिग मानते हुए सजा देने की बजाए सुधार गृह में भेजने का फैसला सुनाया।
विज्ञापन

2 of 7
nirbhaya juvenile
यही वो केस है जिसके बाद नाबालिगों की उम्र 18 से घटाकर 16 कर दी गई। निर्भया के दोषियों में से यही एक चेहरा है जिसे आज तक देश ने नहीं देखा है। चौंका देने वाली बात ये है कि निर्भया के छह दोषियों में से इसे छोड़ कर सभी को हाईकोर्ट ने फांसी की सजा सुनाई है जिसके खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में डाली गई समीक्षा याचिका पर फैसला आ चुका है, जिसमें चारों की फांसी की सजा को बरकरार रखा गया है।
विज्ञापन

3 of 7
nirbhaya juvenile
इस मामले में दोषी नाबालिग अब 23 साल का हो गया है और आजाद है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि वो आज क्या है और कहां है। कुछ दिन सुधार गृह में रहने के बाद दिसंबर 2016 में उसे मुक्त कर दिया गया। निर्भया मामले में दोषी नाबालिग दक्षिण भारत में कही कुक का काम कर रहा है। एक एनजीओ के अधिकारी ने बताया कि वह एक नए रूप में आ चुका है और यहां तक की उसने एक नया नाम भी रख लिया है। उसने दिल्ली में प्रेक्षणगृह में खाना पकाने का काम सीखा था।

4 of 7
nirbhaya juvenile
अधिकारी ने कहा कि हमने उसे राष्ट्रीय राजधानी से बहुत दूर भेज दिया जिससे कि लोग उसका पता न लगा सकें और वह एक नई जिंदगी शुरू कर सके। नाम जाहिर न करने की शर्त पर अधिकारी ने बताया कि वह दक्षिण भारत में कही कुक का काम कर रहा है। उसका नियोक्ता उसके वास्तविक नाम के बारे में नहीं जानता और वह उसकी पिछली जिंदगी से भी अवगत नहीं है।  अधिकारी ने कहा कि हम उसे एक स्थान से दूसरे स्थान पर भेजते रहते हैं जिससे कि वह किसी की नजर में न आ सके।
विज्ञापन

5 of 7
nirbhaya juvenile
मालूम हो कि घटना के समय नाबालिग सामूहिक दुष्कर्म में शामिल पांचवां व्यक्ति था। खबरों के अनुसार निर्भया के साथ सबसे अधिक क्रूरता इसी नाबालिग ने की थी। एनजीओ अधिकारी के अनुसार उस नाबालिग रहा आरोपी बस ड्राइवर राम सिंह के लिए काम करता था।
विज्ञापन

6 of 7
nirbhaya juvenile
उसके राम सिंह के यहां 8000 रुपये बकाया थे और वह लगातार राम सिंह से अपने पैसे मांग रहा था। घटना की रात वह राम सिंह के पास अपने पैसे लेने गया था और अपराध का हिस्सा हो गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

7 of 7
nirbhaya
16 दिसंबर 2012 से पहले ऐसी थी उसकी जिंदगी: दिल्ली से महज 240 किलोमीटर दूर एक गांव में रहने वाला यह नाबालिग महज 11 साल की उम्र में अपना घर छोड़ भाग आया था। घर से भागकर दिल्ली आते ही सबसे पहले उसकी मुलाकात राम सिंह से हुई जो निर्भया कांड का आरोपी था जिसने तिहाड़ में आत्महत्या कर ली थी। रामसिंह ने ही उसे बस की सफाई के काम पर रख लिया और यहीं से उसकी नौकरी शुरू हो गई। बता दें जिस बस की सफाई का कमा उसे दिया गया उसी में 16 दिसंबर 2012 की रात निर्भया के साथ गैंगरेप को अंजाम दिया गया जिसमें यह नाबालिग भी शामिल था।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें