दिल्ली के विवेक विहार इलाके में एक चार-मंजिला रिहायशी इमारत में आग लगने से नौ लोगों की मौत।
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एसी ब्लास्ट से ऐसे बचें
-हर 6-12 महीने में सर्विस कराएं।
-एक ही सॉकेट/लाइन में भारी उपकरण ना चलाएं।
-आउटडोर यूनिट के आसपास हवा का अच्छा फ्लो रहे, धूप/धूल से बचाव करें।
-जली हुई गंध, स्पार्क, असमान्य आवाज आए तो तुरंत बंद करके तकनीशियन को बुलाएं।
-लंबे समय तक घर से बाहर हों तो एसी का मेन स्विच/एमसीबी बंद रखें।
-लगातार 8-10 घंटे ना चलाएं।
-एसी को 24-26° पर रखें।
- आउटडोर यूनिट को ऐसी जगह रखने से ब्लास्ट का खतरा कई गुना बढ़ जाता है, जहां हवा का बहाव ठीक नहीं हो या उसे किसी चीज से ढक दिया जाए।
- एसी को डायरेक्ट प्लग की जगह कमजोर एक्सटेंशन बोर्ड से चलाने या ढीली वायरिंग होने पर शॉर्ट सर्किट का खतरा बढ़ जाता है।
- एसी में गैस लीकेज होने को नजरअंदाज न करें. पाइप में लीकेज होने पर चिंगारी उठती है, तो वह तुरंत ब्लास्ट हो जाता है।
- एसी की समय-समय पर सर्विसिंग में लापरवाही कतई न बरतें। महीनों तक फिल्टर और कॉइल साफ न होने से धूल जम जाती है। इससे कंप्रेसर पर दबाव बढ़ता है।