फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आध्यात्मिक विद्यालय के नाम पर लड़कियों से दुष्कर्म करने वाले वीरेंद्र देव के जन्म से जुड़ी कहानी

Tue, 16 Jul 2019 04:15 PM IST
पूजा त्रिपाठी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 6
baba virendra dev dixit - फोटो : अमर उजाला
हाईकोर्ट ने बाबा वीरेंद्र देव दीक्षित के विजय विहार स्थित आध्यात्मिक विद्यालय को ध्वस्त करने का निर्देश एमसीडी को दिया है। हाईकोर्ट ने बाबा का सुराग लगाने में नाकाम रहने पर सीबीआई को कड़ी फटकार लगाई है। आध्यात्मिक विश्वविद्यालयों के नाम पर अपनी शिष्याओं का शोषण करने वाले इस अय्याश बाबा के जन्म की कहानी बहुत रोचक है। आगे पढ़िए मां-बाप की 9वीं के जन्म की वो ही कहानी....
विज्ञापन

2 of 6
अाश्रम का घिनाैना सच
बात करीब अस्सी साल पुरानी है। 8 दशक पहले फर्रुखाबाद के अहमदगंज गांव में रहने वाले एक ब्राह्मण(दीक्षित)  परिवार में एक के बाद एक आठ लड़कियों की जन्म लेने से पहले ही मौत हो गई। इसके साथ ही यह अफवाह पूरे गांव में जंगल की आग की तरह फैल गई कि दीक्षित परिवार शापित है और इनके घर कभी औलाद पैदा नहीं होगी।
विज्ञापन

3 of 6
virendra dev dixit
इस डर से सहमी लीलावती दीक्षित जब 9वीं बार गर्भवती हुईं तो इस श्राप से मुक्त होने के लिए उन्होंने खास उपाय किया। लीलावती एक दिन में पूरी रामायण पढ़ जाती थीं और ये प्रक्रिया वह लगातार 9 दिन तक अपनाती रहीं ताकि इस बार उसकी गोद हरी हो जाए।

4 of 6
baba virendra dev dixit
हुआ भी कुछ ऐसा ही। लीलावती की गोद हरी हुई और भगवान ने उन्हें इस बार बेटा दिया। दीक्षित परिवार ने बच्चे का नाम वीरेंद्र देव दीक्षित रखा। 80 साल बाद उसी अहमदगंज गांव में एक खबर आई कि दीक्षित परिवार में जन्मा वही बेटा एक ऐसा आश्रम चलाता है जिसमें लड़कियों को बंधक बनाया जाता है और उनका बलात्कार किया जाता है।
विज्ञापन

5 of 6
वीरेन्द्र देव दीक्षित अाश्रम में छानबीन करती पुलिस
वीरेंद्र देव दीक्षित का जन्म जिस घर में हुआ था वह मिट्टी का कच्चा मकान था। अब वह मकान ढह चुका है लेकिन अहमदगंज में ऐसा लगता है जैसे वक्त रुक सा गया है। आज भी इस गांव में स्ट्रीट लाइट, मोबाइल और टेलीविजन की पहुंच नहीं है। यहां तक कि इस गांव की गलियों में स्ट्रीटलाइट भी नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
अाश्रम में महिलायें
1942 की सर्दियों में जन्मे वीरेंद्र देव दिक्षित पर आरोप लगा है कि उसने अपने भक्तों को ठग कर आध्यात्मिक विश्वविद्यालय बनाया। मालूम हो कि रोहिणी स्थित आध्यात्मिक विश्वविद्यालय में 19 दिसंबर 2017 को छापे पड़ने के बाद में 3 जनवरी को सीबीआई ने यह केस दिल्ली पुलिस के हाथों से अपने हाथों में ले लिया और बाद में आध्यात्मिक विश्वविद्यालय की सभी चीजों को जब्त कर लिया। साथ ही दीक्षित के खिलाफ लुक आउट नोटिस भी जारी किया।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें