मृतक अंकित खोखर
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इसलिए, अंकित उससे अपनी हर बात साझा करने लगा। यह भी बता दिया कि वह पैतृक संपत्ति बेचना चाहता था। इसे बिकवाने में उमेश और प्रदीप साथ रहे। जैसे ही अंकित को संपत्ति का एक करोड़ मिला और उसने इसे खाते में जमा कराया, वैसे ही उमेश ने उसकी हत्या करने की साजिश रच ली। इसी साजिश के तहत उसने उससे 40 लाख रुपये उधार लिए। कहा कि बिजनेस करना है। अंकित को उस पर भरोसा था, इसलिए दे दिए। लेकिन, उमेश का इरादा पूरे एक करोड़ रुपये हासिल करने का था। इसलिए, हत्या की साजिश को छह अक्तूबर को अंजाम दिया।