हक की लड़ाई में किन्नरों की जीत का जश्न!
Wed, 16 Apr 2014 03:06 PM IST
सुप्रीम कोर्ट ने एक ऐतिहासिक फैसले में किन्नरों को एक अलग पहचान देते हुए उन्हें लैंगिक श्रेणी में तीसरा दर्जा देने का आदेश दिया है।
हक की लड़ाई में किन्नरों की जीत का जश्न!
इस फैसले के बाद तीन लैंगिक श्रेणियां हो जाएंगी। महिला, पुरुष और किन्नर।
हक की लड़ाई में किन्नरों की जीत का जश्न!
यही नहीं किन्नरों को सामाजिक रूप से पिछडे़ वर्ग का मानते हुए सरकारी नौकरियों और शिक्षा में आरक्षण का लाभ भी मिलेगा।
हक की लड़ाई में किन्नरों की जीत का जश्न!
यानि अब किन्नर लोगों के घरों में बधाई गीत गाकर नहीं, बल्कि तमाम जगहों पर नौकरी कर के कमाएंगे।
हक की लड़ाई में किन्नरों की जीत का जश्न!
जस्टिस केएस राधाकृष्णन और जस्टिस एके सिकरी की पीठ ने कहा कि किन्नरों को समाज में जैसा भेदभाव झेलना पड़ता है, उसकी कल्पना नहीं की जा सकती।
हक की लड़ाई में किन्नरों की जीत का जश्न!
किन्नर भी इस देश के नागरिक हैं और महिलाओं और पुरुषों की तरह उनके भी सभी अधिकार सुनिश्चित किए जाने चाहिए।