फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जेल में नुपुर के बगल में सोने वाली एक लड़की ने बदली उनकी जिंदगी, पहली बार खुलासा

Sun, 17 Dec 2017 12:30 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 10
अपनी ही बेटी आरुषि तलवार की हत्या के आरोप में चार साल जेल में बिताने के बाद इलाहाबाद हाईकोर्ट द्वारा बरी किए जाने के बाद राजेश और नुपुर तलवार ने हॉटस्टार को दिए इंटरव्यू में कुछ चौंकाने वाले खुलासे किए हैं।
विज्ञापन

2 of 10
- फोटो : राजन राय
तलवार दंपत्ति ने बताया कि इलाहाबाद हाईकोर्ट से बरी ‌होने के बावजूद उनके लिए समाज में वापस जाना बहुत पीड़ादायक था। क्योंकि लोग उन्हें दूसरी निगाह से देखते थे। जेल से निकलने के बाद तलवार दंपत्ति सबसे पहले अमृतसर के स्वर्ण मंदिर गए और वहां से आने के बाद अब वो अपनी जिंदगी को पटरी पर लाने की कोशिश मे लगे हुए हैं।
विज्ञापन

3 of 10
- फोटो : अमर उजाला
राजेश एक ऐसे शख्स का जिक्र करते हैं जिसने जेल की जिंदगी के दौरान में उन्हें इस सदमे से उबरने में मदद की और उनकी जिंदगी को नई दिशा दी। उन्होंने बताया कि जेल के शुरुआती दिन उनके लिए बेहद निराशा वाले थे। उन्हें कोई रास्ता नहीं दिख रहा था। उनकी बेल की अर्जी ठुकरा दी गई थी और कोर्ट ने उनकी अपनी अपील सुनने से भी इनकार ‌कर दिया था। 

4 of 10
- फोटो : अमर उजाला
राजेश बताते हैं कि जब जेल में उन्होंने लोगों की मदद करनी शुरू की और उनसे बात करने लगे तो उन्हें पता चला कि असल में सबकी जिंदगी में दुख और पीड़ा है। सभी दर्द से जूझ रहे हैं। बता दें कि जेल में तलवार दंपत्ति मरीजों को देखते थे और उनका इलाज भी करते थे।
विज्ञापन

5 of 10
- फोटो : अमर उजाला
आरुषि की मां नुपुर तलवार जेल के अपने अनुभव को साझा करते हुए बताती हैं कि शुरुआती दो साल बहुत की कष्ट देने वाले थे। उस वक्त चारों ओर भय और निराशा ही दिखाई देती थी।
विज्ञापन

6 of 10
- फोटो : अमर उजाला
तलवार दंपत्ति बताते हैं कि जेल के लोगों ने उनकी बहुत मदद ‌की। वो हमारे पास आते थे हमसे बातें करते थे और दिलासा देते रहे कि वक्त के साथ सब ठीक हो जाएगा। जेल में डेंटल क्लिनिक चलाने की वजह से उन्हें लोगों का सम्मान मिला।
विज्ञापन

7 of 10
राजेश तलवार
अपनी बेटी को याद करते हुए आरुषि बेहद भावानात्मक हो जाती हैं और बताती हैं कि एक बार आरुषि मुझसे बात कर रही थी और उसने मुझसे कहा कि वो बहुत मशहूर होना चाहती है। उसे खोने से मेरी जिंदगी में जो खालीपन आया है उसे शायद अब कभी भरा नहीं जा सकता।

8 of 10
- फोटो : अमर उजाला
जेल में मिली एक लड़की से अपने रिश्तों के बारे में पहली बार खुलासा करते हुए नुपुर बताती हैं कि जेल में एक लड़की से उनका काफी लगाव हो गया। वह मेरे पास ही सोती थी। उसमें मुझे अपनी बेटी आरुषि की झलक दिखाई पड़ती थी। वो मेरी देखभाल करती थी और आरुषि की तरह ही मुझसे बातें भी करती थी। 

9 of 10
नुपुर कहती हैं कि अगर ये लड़की मेरे साथ न होती तो जेल में चार साल बिताना शायद मेरे लिए बहुत मुश्किल हो जाता। इस प्यारी लड़की की वजह से मैं वो सब सह गई जिसे सह पाना शायद मेरे लिए असंभव था।
विज्ञापन

10 of 10
तलवार बताते हैं कि उनके क्लिनिक में काम करने वाले कृष्णा से उनकी कभी बात नहीं हुई। हालांकि उन्होंने हेमराज के परिवार को मदद देने की कोशिश की है क्योंकि हम जानते हैं कि उनके साथ भी बड़ी त्रासदी हुई है। तलवार दंपत्ति का कहना है कि हम समाज में फिर से जाने की कोशिश कर रहे हैं और अब लोग हमारी मदद भी कर रहे हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें