दाती महाराज
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एक अधिकारी के मुताबिक, छापेमारी में इस बात की पुष्टि हुई है कि दुष्कर्म पीड़ित लड़की उन तारीखों (27,28 व 29 जनवरी, 2016) को आलावास स्थित गुरुकुल में उपस्थित थी, जिन तारीखों का जिक्र उसने पुलिस के सामने दिए बयान में किया था। यह सिर्फ एक ही सबूत है, जो पुलिस को मौके से मिला है। इसके अलावा, अब तक पुलिस के पास कोई सबूत नहीं है। इसके साथ-साथ पाली स्थित गुरुकुल से मानव तस्करी के सबूत भी नहीं मिले है। दरअसल, कुछ लोगों ने दाती पर मानव तस्करी के भी आरोप लगाए थे। दिल्ली पुलिस ने शनिवार को बागावास में निर्माणाधीन अस्पताल और आलावास स्थित गुरुकुल में छापेमारी की थी।